राजस्थान में मानसून की सुस्ती: 15 जिलों में हल्की बारिश के आसार, गर्मी और उमस से बढ़ी परेशानी
Rajasthan monsoon forecast: Rain expected in 14 districts today. Jaipur temperature dips. मौसम विभाग ने रविवार को प्रदेश के जिन जिलों में बारिश की उम्मीद जताई है, उनमें झुंझुनूं, सीकर, कोटपुतली-बहरोड़, अलवर, खैरथल-तिजारा, डीग, दौसा, भरतपुर, करौली धौलपुर, सवाई माधोपुर, जालोर, सिरोही, उदयपुर और डूंगरपुर जिले शामिल हैं।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

राजस्थान में मानसून की सक्रियता फिलहाल कमजोर पड़ती नजर आ रही है। राज्य के कई हिस्सों से मानसून के बादल गायब होने के कारण लोगों को फिर से उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, हालांकि मानसून पूरी तरह विदा नहीं हुआ है, लेकिन बादलों की कमी के कारण तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
इन जिलों में बारिश की संभावना
मौसम विभाग ने रविवार को राज्य के 15 जिलों में हल्की बारिश की संभावना जताई है। इन जिलों में झुंझुनूं, सीकर, कोटपूतली-बहरोड़, अलवर, खैरथल-तिजारा, डीग, दौसा, भरतपुर, करौली, धौलपुर, सवाई माधोपुर, जालोर, सिरोही, उदयपुर और डूंगरपुर शामिल हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल किसी भी जिले के लिए भारी बारिश का कोई अलर्ट जारी नहीं किया गया है।
पिछले 24 घंटों के आंकड़ों पर नजर डालें तो चूरू के सादुलपुर में सबसे अधिक 55 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इसके अलावा श्रीगंगानगर में 28 मिलीमीटर और हनुमानगढ़ में 38 मिलीमीटर तक पानी बरसा। हालांकि, राज्य के बड़े हिस्से में बारिश न होने के कारण तापमान में उछाल देखा जा रहा है।
गर्मी और उमस का बढ़ा असर
मानसून के कमजोर पड़ने का सीधा असर तापमान पर पड़ा है। शनिवार को श्रीगंगानगर सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 41.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। फलोदी और जैसलमेर में भी पारा 40 डिग्री के पार दर्ज किया गया। माउंट आबू में न्यूनतम तापमान 18 डिग्री के आसपास रहा, जो राज्य में सबसे कम था।
राजधानी जयपुर की बात करें तो यहां पिछले दो दिनों से बारिश का दौर थमा हुआ है। तेज धूप और उमस के कारण अधिकतम तापमान 35.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शहरवासियों को दिनभर बादलों की आवाजाही के बीच गर्मी से जूझना पड़ा। इसी तरह की स्थिति अजमेर, कोटा और जोधपुर में भी बनी हुई है, जहां बारिश न होने से उमस का स्तर काफी बढ़ गया है।
आने वाले दिनों का पूर्वानुमान
मौसम विभाग के अनुसार, 15 जुलाई तक राजस्थान के लिए कोई विशेष चेतावनी या अलर्ट जारी नहीं किया गया है। सैटेलाइट तस्वीरों में राजस्थान के ऊपर मानसून के बादलों की कमी साफ देखी जा सकती है। मानसून की इस सुस्ती के कारण राज्य के कई जिलों में औसत से कम बारिश दर्ज की गई है, जिससे किसानों की चिंताएं भी बढ़ रही हैं।
कोटा जैसे क्षेत्रों में अब तक सीजन की सामान्य से 11 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। उदयपुर और सीकर जैसे जिलों में भी पिछले कुछ दिनों से बारिश का इंतजार बना हुआ है। फिलहाल, राज्य में मौसम शुष्क रहने और कहीं-कहीं हल्की फुहारें पड़ने के ही आसार हैं।
आने वाले दिनों में मानसून की स्थिति में बदलाव की उम्मीद है, लेकिन फिलहाल प्रदेशवासियों को चिलचिलाती धूप और उमस भरी गर्मी के बीच ही दिन गुजारने होंगे। मौसम विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और किसी भी बड़े बदलाव की स्थिति में सूचना जारी की जाएगी।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
