राजस्थान में मानसून का जोर: कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट, 11 जुलाई से राहत की उम्मीद
Rajasthan rain update: Udaipur, Bharatpur divisions witness heavy showers. भरतपुर, करौली, चित्तौड़गढ़ में 3 इंच बरसात. उदयपुर, सिरोही में भी देर शाम कई जगह भारी बारिश हुई।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

राजस्थान के विभिन्न हिस्सों में मानसून की सक्रियता के चलते जनजीवन प्रभावित हुआ है। राज्य के पूर्वी और दक्षिणी अंचलों में पिछले 24 घंटों के दौरान मूसलाधार बारिश दर्ज की गई है, जिससे कई जिलों में जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है। मौसम विभाग ने आगामी 10 जुलाई तक प्रदेश के अधिकांश इलाकों में तेज बारिश का दौर जारी रहने की संभावना जताई है।
भरतपुर और उदयपुर संभाग में भारी वर्षा
पिछले 24 घंटों के आंकड़ों पर गौर करें तो भरतपुर के बयाना और करौली के मंडलरायल में 84 मिलीमीटर यानी तीन इंच से अधिक बारिश दर्ज की गई है। इसके अलावा चित्तौड़गढ़ के भदेसर और निंबाहेड़ा में भी लगभग तीन इंच पानी बरसा है। भारी बारिश के कारण अलवर, करौली और भरतपुर में सड़कों पर पानी जमा हो गया, जिससे यातायात व्यवस्था पर असर पड़ा है। अलवर में तो स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि जिला अस्पताल परिसर में भी पानी भर गया।
उदयपुर और सिरोही के ग्रामीण इलाकों में भी देर शाम तक तेज बारिश का सिलसिला जारी रहा। बांसवाड़ा में बारिश के कारण एक तीन मंजिला इमारत की सीढ़ियां और छत ढहने की घटना सामने आई है, जिससे नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
तापमान में गिरावट और राहत
लगातार हो रही बारिश ने प्रदेशवासियों को भीषण गर्मी और उमस से बड़ी राहत दी है। जयपुर, अजमेर, भीलवाड़ा, झुंझुनू, दौसा और टोंक जैसे जिलों में अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया है। हालांकि, जैसलमेर अभी भी गर्मी की चपेट में है, जहां अधिकतम तापमान 41.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है।
राजधानी जयपुर में बादलों की आवाजाही बनी रही और हल्की हवाओं ने मौसम को खुशनुमा बना दिया। अजमेर की आनासागर झील का जलस्तर भी बढ़कर 11 फीट एक इंच तक पहुंच गया है, जिसके चलते प्रशासन ने पानी की निकासी की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
मौसम विभाग का पूर्वानुमान
मौसम विभाग ने गुरुवार के लिए भरतपुर, धौलपुर, बारां और झालावाड़ जिलों में 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है। वहीं, जैसलमेर, बाड़मेर, जोधपुर और जालोर को छोड़कर राज्य के शेष सभी जिलों के लिए 'यलो अलर्ट' घोषित किया गया है। विभाग के अनुसार, 10 जुलाई तक बारिश का यह दौर जारी रहेगा।
मानसून की गतिविधियों में बदलाव के संकेत भी मिलने लगे हैं। पूर्वानुमान के मुताबिक, 11 जुलाई से बारिश की तीव्रता में कमी आने की संभावना है। मानसून के कमजोर पड़ने के साथ ही तापमान में फिर से आंशिक बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे लोगों को उमस का सामना करना पड़ सकता है।
राज्य के अन्य शहरों की बात करें तो जोधपुर में तापमान में एक डिग्री की गिरावट दर्ज की गई है, जबकि सीकर और कोटा में अभी भी बारिश का इंतजार है। इन क्षेत्रों में आगामी तीन दिनों के भीतर अच्छी बारिश होने का अनुमान जताया गया है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
