ब्रेकिंग
उदयपुर: पुलिस हिरासत से चकमा देकर भागे दो नाबालिग चोर, पहाड़ियों में तलाश जारीभोपाल के कटारा हिल्स में तेंदुए की दस्तक: रिहायशी इलाकों में दहशत, पार्क में आवाजाही पर लगी रोकग्वालियर में हनीट्रैप का खौफ: ब्लैकमेलिंग से तंग आकर युवक ने की आत्महत्या, दंपति पर केस दर्जलखनऊ: लारी कार्डियोलॉजी सेंटर में हर साल 8500 से ज्यादा हार्ट अटैक मरीजों को मिल रहा नया जीवनसुपौल: अवैध लेनदेन के विवाद में युवक का अपहरण, पुलिस ने 12 घंटे के भीतर सकुशल कराया बरामदकरौली की बेटी प्रिया गुप्ता का कमाल: पहले ही प्रयास में NEET-PG में लहराया सफलता का परचमधौलपुर: पिकअप हादसे में 4 मौतों के बाद प्रशासन सख्त, पोखर किनारे से हटाए गए अवैध निर्माणझांसी के कारोबारी का रहस्यमय परिस्थितियों में निधन, मध्य प्रदेश की नदी में मिला शव
उदयपुर: पुलिस हिरासत से चकमा देकर भागे दो नाबालिग चोर, पहाड़ियों में तलाश जारीभोपाल के कटारा हिल्स में तेंदुए की दस्तक: रिहायशी इलाकों में दहशत, पार्क में आवाजाही पर लगी रोकग्वालियर में हनीट्रैप का खौफ: ब्लैकमेलिंग से तंग आकर युवक ने की आत्महत्या, दंपति पर केस दर्जलखनऊ: लारी कार्डियोलॉजी सेंटर में हर साल 8500 से ज्यादा हार्ट अटैक मरीजों को मिल रहा नया जीवनसुपौल: अवैध लेनदेन के विवाद में युवक का अपहरण, पुलिस ने 12 घंटे के भीतर सकुशल कराया बरामदकरौली की बेटी प्रिया गुप्ता का कमाल: पहले ही प्रयास में NEET-PG में लहराया सफलता का परचमधौलपुर: पिकअप हादसे में 4 मौतों के बाद प्रशासन सख्त, पोखर किनारे से हटाए गए अवैध निर्माणझांसी के कारोबारी का रहस्यमय परिस्थितियों में निधन, मध्य प्रदेश की नदी में मिला शव

जयपुर में जमीन खरीदना होगा और महंगा: डीएलसी दरों में 40 फीसदी तक बढ़ोतरी की तैयारी

सरकार प्रदेश के सभी जिलों में जमीन की डीएलसी दरें बढ़ाने जा रही है। जयपुर में डीएलसी कमेटी की सोमवार को बैठक हुई।

मोहम्मद फ़ैज़ान

मोहम्मद फ़ैज़ान

संपादक

6 जुलाई 20263 मिनट पढ़ें
जयपुर में जमीन खरीदना होगा और महंगा: डीएलसी दरों में 40 फीसदी तक बढ़ोतरी की तैयारी
मूल स्रोत

जयपुर में घर, फ्लैट या जमीन खरीदने का सपना देख रहे लोगों के लिए एक और झटका सामने आया है। राज्य सरकार प्रदेश के सभी जिलों में जमीन की डीएलसी (डिस्ट्रिक्ट लेवल कमेटी) दरों में फिर से इजाफा करने की तैयारी कर रही है। हाल ही में जयपुर कलेक्ट्रेट में आयोजित डीएलसी कमेटी की बैठक में इन दरों को बढ़ाने के प्रस्तावों पर मुहर लगा दी गई है, जिससे आने वाले समय में रजिस्ट्री कराना और महंगा हो जाएगा।

40 फीसदी तक बढ़ सकती हैं दरें

कलेक्टर संदेश नायक की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में विभिन्न जोनों से प्राप्त प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा की गई। सूत्रों के अनुसार, अधिकांश शहरी इलाकों में जमीनों की दरों में 40 फीसदी तक वृद्धि करने का प्रस्ताव रखा गया है। वहीं, ग्रामीण क्षेत्रों में भी जमीनों की कीमतों में 35 फीसदी तक बढ़ोतरी की सिफारिश की गई है। बैठक में मौजूद सब-रजिस्ट्रारों ने अपने-अपने क्षेत्रों के बाजार मूल्य का आकलन करते हुए ये आंकड़े प्रस्तुत किए।

बैठक में कुछ विशिष्ट कॉलोनियों को लेकर विशेष प्रस्ताव भी रखे गए हैं। उदाहरण के तौर पर, खातीपुरा रोड स्थित भारतेंदु नगर में दरों में 49 फीसदी तक की भारी बढ़ोतरी की सिफारिश की गई है। वर्तमान में यहाँ 40 से 60 फीट चौड़ी सड़क पर स्थित जमीनों की दरें 15,400 से 16,940 रुपये प्रति वर्गमीटर के बीच हैं, जिनमें अब बड़ा उछाल देखने को मिल सकता है।

चार महीने में दूसरी बार बढ़ेगी कीमतें

डीएलसी दरों में यह बढ़ोतरी पिछले चार महीनों के भीतर दूसरी बार होगी। इससे पहले अप्रैल 2026 में सरकार ने प्रदेश भर में डीएलसी दरों में 10 फीसदी की वृद्धि की थी। लगातार हो रही इस बढ़ोतरी से आम आदमी पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है। वित्त विभाग ने जून के तीसरे सप्ताह तक सभी जिलों के कलेक्टर्स को डीएलसी बैठकें आयोजित करने के निर्देश दिए थे, जिसके बाद यह प्रक्रिया तेज हो गई है।

भजनलाल सरकार के कार्यकाल में जयपुर में डीएलसी दरों में यह चौथी बार बदलाव की प्रक्रिया है। इससे पहले अप्रैल 2024 में 10 फीसदी, दिसंबर 2024 में 5 से 15 फीसदी और अप्रैल 2026 में पुनः 10 फीसदी की बढ़ोतरी की जा चुकी है। बार-बार दरों में हो रहे इस बदलाव का सीधा असर रियल एस्टेट बाजार पर पड़ रहा है।

रजिस्ट्री और स्टाम्प ड्यूटी पर होगा असर

डीएलसी दरें बढ़ने का सीधा असर प्रॉपर्टी की रजिस्ट्री पर पड़ता है। जैसे ही सरकार इन नई दरों को अधिसूचित करेगी, स्टाम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन शुल्क भी बढ़ जाएंगे। इससे न केवल नए खरीदारों के लिए घर खरीदना मुश्किल होगा, बल्कि पुराने लंबित मामलों में भी रजिस्ट्री का खर्च बढ़ जाएगा। वर्तमान में सरकार के इस कदम को राजस्व बढ़ाने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।

प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि बाजार मूल्य और सरकारी दरों के बीच के अंतर को कम करने के लिए यह समीक्षा आवश्यक है। हालांकि, रियल एस्टेट विशेषज्ञों का मानना है कि बार-बार दरों में वृद्धि से बाजार में सुस्ती आ सकती है। अब आम जनता को सरकार की अंतिम अधिसूचना का इंतजार है, जिसके बाद नई दरें आधिकारिक रूप से लागू कर दी जाएंगी।

SponsoredMushfan Digital Studios - We Build Brands. We Grow Businesses.

टिप्पणियाँ (2)

  • अ
    अमित कुमार2 घंटे पहले

    बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।

  • स
    सपना ठाकुर4 घंटे पहले

    ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!

संबंधित खबरें