जयपुर कमिश्नरेट में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल: 82 इंस्पेक्टरों के तबादले, 42 थानों के बदले एसएचओ

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

जयपुर पुलिस कमिश्नरेट में बुधवार देर रात एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल देखने को मिला है। कमिश्नर सचिन मित्तल के कार्यभार संभालने के बाद यह पहली बड़ी तबादला सूची है, जिसमें पुलिस महकमे के 82 इंस्पेक्टरों को इधर से उधर किया गया है। इस फेरबदल के तहत शहर के 42 थानों के एसएचओ (थाना प्रभारी) बदल दिए गए हैं, जिससे पुलिसिंग व्यवस्था में बड़े बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।
यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने पर जोर
राजधानी की यातायात व्यवस्था को अधिक प्रभावी और सुव्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से कमिश्नरेट ने विशेष कदम उठाए हैं। इस सूची के माध्यम से यातायात शाखा में 9 नए इंस्पेक्टरों की तैनाती की गई है। इनमें सुरेश सिंह, दशरथ सिंह, श्रीराम मीणा, अरुण कुमार, राजेन्द्र सिंह शेखावत, भंवर लाल, श्रीपाल सिंह, प्रेम चन्द और राकेश यादव शामिल हैं। इन अधिकारियों को अब संबंधित डीसीपी ट्रैफिक द्वारा क्षेत्रवार जिम्मेदारियां सौंपी जाएंगी, ताकि शहर के बढ़ते ट्रैफिक दबाव को बेहतर ढंग से नियंत्रित किया जा सके।
इसके अलावा, कई महत्वपूर्ण पदों पर भी नई नियुक्तियां की गई हैं। लखन खटाना को एसओ सीपी, वीरेंद्र सिंह को एसओ डीसीपी क्राइम, और सुधीर उपाध्याय को एसओ स्पेशल सीपी की जिम्मेदारी दी गई है। अपराध शाखा में श्रीनिवास जांगिड और प्रभु सिंह को तैनात किया गया है, जबकि साइबर थाने की कमान मनफूल सिंह को सौंपी गई है। कंट्रोल रूम और आसूचना विभाग जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में भी नए अधिकारियों को पदस्थ किया गया है।
अस्थाई नियुक्तियों को मिली स्थायी जिम्मेदारी
इस तबादला सूची में उन अधिकारियों को भी प्राथमिकता दी गई है जो अब तक अस्थाई रूप से कार्य कर रहे थे। प्रकाश राम विश्नोई को खोह नागोरियान, रामधन मीणा को बजाज नगर, रतन सिंह को जामडोली और श्याम सुंदर को लालकोठी थाने का स्थायी एसएचओ नियुक्त किया गया है। साथ ही, मंजू तंवर को मेट्रो थाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इन नियुक्तियों के जरिए कमिश्नरेट ने कामकाज में निरंतरता लाने का प्रयास किया है।
प्रशासनिक फेरबदल के इस दौर में 10 इंस्पेक्टरों को पुलिस लाइन भेजा गया है। इनमें इंदु शर्मा, राजेन्द्र प्रसाद, विजय सिंह, बलवीर कस्वां, राजेश शर्मा, मनीष गुप्ता, रूप नारायण, मोती लाल, मंजू चौधरी और माधो सिंह शामिल हैं। पुलिस लाइन में भेजे गए इन अधिकारियों को लेकर विभागीय स्तर पर चर्चाएं तेज हैं, हालांकि इसे एक सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया के रूप में देखा जा रहा है।
कमिश्नर मित्तल की कार्यशैली का असर
कमिश्नर सचिन मित्तल के कार्यभार संभालने के बाद यह पहली बार है जब इतने बड़े स्तर पर अधिकारियों का स्थानांतरण किया गया है। जानकारों का मानना है कि इस फेरबदल का मुख्य उद्देश्य पुलिसिंग में कसावट लाना और अपराध नियंत्रण के साथ-साथ कानून व्यवस्था को और अधिक चुस्त-दुरुस्त बनाना है। विशेष रूप से थानों में नए चेहरों को मौका देने से कार्यक्षमता में वृद्धि की उम्मीद जताई जा रही है।
आगामी दिनों में इन सभी अधिकारियों को अपने नए कार्यभार संभालने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी इस सूची के बाद अब थानों और विभिन्न शाखाओं में कामकाज की नई कार्यप्रणाली देखने को मिल सकती है। शहर की सुरक्षा और यातायात प्रबंधन के लिए यह बदलाव काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
