विदिशा: मूंग खरीदी में ई-टोकन व्यवस्था के खिलाफ किसान कांग्रेस का उग्र प्रदर्शन
Vidisha Kisan Congress protest government moong procurement policy issues. विदिशा में किसान कांग्रेस ने मूंग खरीदी में आ रही परेशानियों को लेकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। माधवगंज चौराहे पर कार्यकर्ताओं ने केंद्र और प्रदेश सरकार के विरुद्ध नारेबाजी की और ई-टोकन व्यवस्था समाप्त कर 100 प्रतिशत सरकारी खरीदी की मांग की।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

मध्य प्रदेश के विदिशा जिले में मूंग की सरकारी खरीद को लेकर किसानों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। हाल ही में किसान कांग्रेस ने माधवगंज चौराहे पर एक बड़ा प्रदर्शन किया, जिसमें सरकार की वर्तमान खरीद नीति और ई-टोकन व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए गए। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि जटिल प्रक्रियाओं के कारण किसानों को अपनी उपज बेचने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
ई-टोकन व्यवस्था से किसानों की परेशानी
प्रदर्शन का मुख्य केंद्र बिंदु मूंग खरीदी के लिए लागू की गई ई-टोकन प्रणाली रही। जिला किसान कांग्रेस अध्यक्ष विनीत सिंह दांगी ने बताया कि यह व्यवस्था किसानों के लिए वरदान के बजाय मुसीबत बन गई है। बड़ी संख्या में पंजीकृत किसान समय पर टोकन प्राप्त करने में असमर्थ हैं, जिसके चलते उनकी उपज सरकारी केंद्रों तक नहीं पहुंच पा रही है। इस तकनीकी बाधा के कारण किसानों को अपनी फसल को घरों या निजी गोदामों में रखने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
दांगी ने आगे कहा कि जब किसान अपनी उपज सरकारी केंद्रों पर नहीं बेच पाते, तो उन्हें मजबूरी में व्यापारियों को समर्थन मूल्य से काफी कम दाम पर फसल बेचने के लिए विवश होना पड़ता है। इससे किसानों को आर्थिक रूप से बड़ा नुकसान उठाना पड़ रहा है, जबकि सरकार उनकी आय दोगुनी करने के दावे कर रही है।
पुतला दहन और पुलिस के साथ झड़प
विरोध प्रदर्शन के दौरान स्थिति उस समय तनावपूर्ण हो गई जब कार्यकर्ताओं ने केंद्र और राज्य सरकार के शीर्ष नेतृत्व के खिलाफ नारेबाजी करते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और प्रदेश के कृषि मंत्री एंदल सिंह कंसाना का प्रतीकात्मक पुतला दहन किया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हल्की झड़प की खबरें भी सामने आई हैं, जिससे माधवगंज चौराहे पर कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल रहा।
प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान और कांग्रेस पदाधिकारी शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट किया कि सरकार की नीतियां धरातल पर विफल साबित हो रही हैं। उन्होंने मांग की है कि ई-टोकन व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से समाप्त किया जाए और सभी पात्र किसानों की 100 प्रतिशत मूंग की खरीद सरकारी केंद्रों पर सुनिश्चित की जाए।
आंदोलन को और तेज करने की चेतावनी
किसान कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया, तो वे इस आंदोलन को और अधिक उग्र रूप देंगे। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में जिले भर में धरना, प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपने के कार्यक्रम जारी रहेंगे। किसानों का कहना है कि वे तब तक पीछे नहीं हटेंगे जब तक उनकी उपज का उचित मूल्य और सुगम खरीद प्रक्रिया सुनिश्चित नहीं हो जाती।
इस पूरे घटनाक्रम ने विदिशा में कृषि उपज खरीद की व्यवस्था पर एक बड़ा प्रश्नचिह्न लगा दिया है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस विरोध प्रदर्शन के बाद खरीद केंद्रों पर व्यवस्था सुधारने के लिए क्या कदम उठाता है और क्या किसानों की समस्याओं का समाधान जल्द हो पाता है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
