फरीदाबाद के सेक्टर-81 में दिखा विशाल अजगर, दीवार पर रेंगते देख सहमे लोग
Faridabad Sector 81 Python Scare: Giant snake spotted on wall. ग्रेटर फरीदाबाद के सेक्टर-81 स्थित पुरी बिजनेस हब में शनिवार सुबह एक विशाल अजगर दिखाई देने से इलाके में हड़कंप मच गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार करीब 10 फुट लंबा अजगर इमारत की बाहरी दीवार पर रेंगता नजर आया।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

ग्रेटर फरीदाबाद में दहशत का माहौल
फरीदाबाद के सेक्टर-81 स्थित पुरी बिजनेस हब में शनिवार सुबह एक विशाल अजगर के देखे जाने से इलाके में हड़कंप मच गया। करीब 10 से 12 फुट लंबा यह अजगर इमारत की बाहरी दीवार पर रेंगता हुआ दिखाई दिया। सुबह के समय जब लोगों की नजर इस विशालकाय जीव पर पड़ी, तो वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया। देखते ही देखते मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और लोगों ने अपने मोबाइल फोन में इस घटना को कैद करना शुरू कर दिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अजगर काफी देर तक दीवार पर रेंगता रहा, जिससे वहां मौजूद लोग काफी घबरा गए थे। हालांकि, कुछ ही देर बाद वह दीवार से नीचे उतरा और पास की झाड़ियों में ओझल हो गया। सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम को सूचित किया गया, लेकिन टीम के घटनास्थल पर पहुंचने से पहले ही अजगर झाड़ियों में छिप चुका था, जिससे उसे पकड़ने का प्रयास सफल नहीं हो सका।
मानसून में अक्सर सामने आते हैं ऐसे मामले
स्थानीय निवासियों का कहना है कि सेक्टर-81 और उसके आसपास के इलाकों में बारिश के मौसम के दौरान सांपों और अजगरों का निकलना कोई नई बात नहीं है। इस क्षेत्र में कई खाली प्लॉट, घनी झाड़ियां और हरियाली मौजूद है, जो जंगली जीवों के लिए प्राकृतिक आवास का काम करती है। मानसून के दौरान नमी और उमस बढ़ने के कारण ये जीव अक्सर भोजन या सुरक्षित ठिकानों की तलाश में रिहायशी इलाकों की ओर रुख कर लेते हैं।
इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में काफी सतर्कता देखी जा रही है। विशेष रूप से बच्चों और पालतू जानवरों को लेकर अभिभावक अधिक चिंतित हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि खाली पड़े भूखंडों की समय-समय पर सफाई कराई जाए ताकि जंगली जीवों के छिपने की जगह कम हो सके।
वन विभाग की लोगों से अपील
वन्य जीव विभाग के निरीक्षक हंसराज ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि मानसून के दौरान अजगरों का आबादी वाले क्षेत्रों में आना एक सामान्य प्रक्रिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि ये जीव आमतौर पर तब तक हमला नहीं करते जब तक उन्हें छेड़ा न जाए। उन्होंने लोगों को सलाह दी है कि यदि उन्हें कहीं भी अजगर या कोई अन्य वन्य जीव दिखाई दे, तो उसे पकड़ने, भगाने या पत्थर मारने की कोशिश बिल्कुल न करें।
विभाग की ओर से यह भी कहा गया है कि ऐसी स्थिति में तुरंत वन्य जीव विभाग को सूचित किया जाना चाहिए। प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम ही सुरक्षित तरीके से इन जीवों को पकड़कर उनके प्राकृतिक आवास यानी जंगल में छोड़ने में सक्षम होती है। विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं और सावधानी बरतते हुए तुरंत अधिकारियों को सूचना दें ताकि किसी भी प्रकार की अनहोनी को टाला जा सके।
सुरक्षा के प्रति बरतें सावधानी
विशेषज्ञों का मानना है कि बारिश के मौसम में सांपों के बिलों में पानी भर जाने के कारण वे बाहर निकल आते हैं। ऐसे में घरों के आसपास घास की सफाई रखना और रात के समय बाहर निकलते समय टॉर्च का उपयोग करना सुरक्षा की दृष्टि से जरूरी है। फरीदाबाद के इस सेक्टर में हुई घटना ने एक बार फिर लोगों को वन्यजीवों के प्रति सतर्क रहने की याद दिला दी है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
