यमुनानगर: ससुराल में विवाहिता का उत्पीड़न, देवर और परिचित पर लगाए गंभीर आरोप
यमुनानगर में शादी के बाद दहेज की मांग और घरेलू प्रताड़ना के आरोपों के बीच एक विवाहिता ने अपने ससुराल पक्ष पर आरोप लगाए हैं। महिला का कहना है कि कार की जगह मोटरसाइकिल मिलने पर उसे लगातार ताने दिए गए, पति के कारोबार के लिए मायके से 10 लाख रुपए लाने का दबाव बनाया गया और विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

दहेज के लिए प्रताड़ना और शारीरिक शोषण का मामला
हरियाणा के यमुनानगर जिले में एक विवाहिता ने अपने ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का दावा है कि शादी के बाद से ही उसे दहेज के लिए लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था। मामला छछरौली थाना क्षेत्र का है, जहां पीड़िता ने अपने पति, देवर और परिवार के एक परिचित पर शारीरिक और मानसिक शोषण के आरोप दर्ज कराए हैं।
पीड़िता के अनुसार, वर्ष 2023 में उसकी शादी फूसगढ़ निवासी निर्मल के साथ हुई थी। शादी के कुछ समय बाद ही ससुराल वालों ने कम दहेज मिलने का हवाला देकर ताने मारना शुरू कर दिया। उनका मुख्य विवाद कार की जगह मोटरसाइकिल मिलने को लेकर था। इसके बाद पति के कारोबार के नाम पर मायके से 10 लाख रुपये लाने का दबाव बनाया गया, जिसे पूरा न कर पाने पर महिला के साथ मारपीट की गई।
देवर और परिचित की घिनौनी हरकतें
महिला ने अपनी शिकायत में बताया कि जब उसका पति काम के सिलसिले में छत्तीसगढ़ गया, तो उसके देवर अमृत ने उस पर शारीरिक संबंध बनाने का दबाव डाला। इतना ही नहीं, जब पति राजस्थान में था, तब परिवार के एक परिचित मुकुल ने भी जबरदस्ती संबंध बनाने की कोशिश की। महिला का आरोप है कि आरोपी ने उसे बताया कि उसे ऐसा करने के लिए ससुराल वालों ने ही उकसाया है।
पीड़िता ने इन घटनाओं की जानकारी अपने पति और सास-ससुर को दी, लेकिन किसी ने भी उसका पक्ष लेने के बजाय उसे ही चुप रहने के लिए मजबूर किया। ससुराल पक्ष ने न केवल उसकी शिकायतों को नजरअंदाज किया, बल्कि उसे और अधिक प्रताड़ित करना शुरू कर दिया।
घर से निकाला और जेवर हड़पे
दहेज की मांग पूरी न होने और विरोध करने पर 25 दिसंबर 2025 को महिला के साथ मारपीट कर उसे घर से निकाल दिया गया। तब से वह अपने मायके में रह रही है। महिला का यह भी आरोप है कि उसके शादी के जेवर अभी भी ससुराल वालों के कब्जे में हैं। परिवार ने मामले को सुलझाने के लिए पंचायत का सहारा भी लिया, लेकिन ससुराल पक्ष ने उसे वापस रखने से साफ इनकार कर दिया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे पहले महिला थाना और बिलासपुर मेडिएशन सेंटर भेजा गया था। काउंसलिंग के दौरान भी कोई समाधान नहीं निकल सका। अंततः, पुलिस ने पीड़िता की शिकायत के आधार पर पति निर्मल के खिलाफ दहेज उत्पीड़न, मारपीट और धमकी देने की धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।
पुलिस की कार्रवाई और आगे की जांच
छछरौली थाना प्रभारी वेदपाल ने पुष्टि की है कि जांच और दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर पति के खिलाफ प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए गए हैं। पुलिस अब मामले के अन्य आरोपियों की भूमिका की भी गहनता से जांच कर रही है। पीड़िता के बयानों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया अमल में लाई जा रही है।
इस घटना ने एक बार फिर दहेज प्रथा और महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े गंभीर सवालों को खड़ा कर दिया है। फिलहाल पुलिस ने आरोपियों की तलाश और साक्ष्यों के संकलन की प्रक्रिया शुरू कर दी है ताकि पीड़िता को न्याय मिल सके।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
