कुरुक्षेत्र: पुलिस हिरासत से भागने की कोशिश कर रहे बदमाश के पैर में लगी गोली, मुठभेड़ के बाद दोबारा गिरफ्तार
Kurukshetra police shoot escape badaash on GT Road. बदमाश ने बाथरूम जाने का बहाना बनाकर पुलिस की गाड़ी को रुकवाया था। पुलिसकर्मी उसे नीचे उतारकर लेकर गए, तो उसने एक पुलिसकर्मी की बाजू पर दांत से काट लिया।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

हरियाणा के कुरुक्षेत्र में पुलिस हिरासत से भागने का प्रयास कर रहे एक कुख्यात अपराधी को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद काबू कर लिया है। दिल्ली-अमृतसर नेशनल हाईवे-44 पर हुई इस घटना के दौरान बदमाश ने एक पुलिसकर्मी को घायल कर दिया था, जिसके बाद पुलिस को आत्मरक्षा और आरोपी को रोकने के लिए गोली चलानी पड़ी।
हथियार बरामदगी के बाद लौट रही थी पुलिस
पकड़े गए आरोपी की पहचान सोढ़ी गांव निवासी विशाल उर्फ विक्की के रूप में हुई है। विक्की पर आर्म्स एक्ट समेत 30 से अधिक गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। सीआईए-2 की टीम उसे गांधी नगर गोलीकांड के सिलसिले में पूछताछ के लिए ले गई थी। आरोपी ने पुलिस को बताया था कि उसने अपने घर में अवैध हथियार छिपा रखे हैं। पुलिस उसे उसके गांव ले गई, जहाँ से दो अवैध पिस्टल, चार मैगजीन और 20 जिंदा कारतूस बरामद किए गए।
हथियारों की बरामदगी के बाद पुलिस टीम उसे वापस कुरुक्षेत्र ला रही थी। इसी दौरान जीटी रोड पर उमरी चौक के पास आरोपी ने शौच जाने का बहाना बनाया। पुलिस ने मानवीय आधार पर गाड़ी रोकी और उसे नीचे उतारा। जैसे ही पुलिसकर्मी उसे लेकर आगे बढ़े, विक्की ने अचानक एक पुलिसकर्मी की बाजू पर दांत से जोर से काट लिया और अपनी पकड़ छुड़ाकर अंधेरे का फायदा उठाते हुए खेतों की ओर भाग निकला।
चेतावनी के बाद पुलिस ने चलाई गोली
आरोपी को भागता देख पुलिस टीम ने तुरंत उसका पीछा किया। पुलिस ने उसे रुकने की चेतावनी दी और हवा में फायर भी किए, लेकिन बदमाश नहीं रुका। अंत में, पुलिस ने उसे काबू करने के लिए उसकी दाहिनी टांग को निशाना बनाकर गोली चलाई। गोली लगते ही आरोपी जमीन पर गिर पड़ा, जिसके बाद पुलिस ने उसे दोबारा हिरासत में ले लिया। घायल अवस्था में उसे इलाज के लिए एलएनजेपी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
विशाल उर्फ विक्की की गिरफ्तारी गांधी नगर में 14 जून को हुई फायरिंग की घटना की जांच के दौरान हुई थी। उस दिन सुबह करीब साढ़े तीन बजे एक स्कॉर्पियो सवार बदमाशों ने अमन और प्रिंस नाम के दो युवकों पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाई थीं। इस हमले में दोनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए थे। जांच में सामने आया कि विक्की ने ही हमलावरों को हथियार उपलब्ध कराए थे।
सट्टे के विवाद से जुड़ा है मामला
पुलिस की शुरुआती जांच के मुताबिक, गांधी नगर गोलीकांड के पीछे जुआ और सट्टे के कारोबार से जुड़ा विवाद मुख्य कारण था। पीड़ित अमन और प्रिंस का नाम भी इस नेटवर्क से जुड़ा पाया गया था। पैसों के लेनदेन और वर्चस्व की लड़ाई के चलते उन पर हमला किया गया था। पुलिस इस मामले में पहले भी कई आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है और अब विक्की से पूछताछ के जरिए नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश की जा रही है।
फिलहाल पुलिस अस्पताल में भर्ती आरोपी की सुरक्षा पर कड़ी नजर रख रही है। अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद उसे दोबारा रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी ताकि उसके अन्य साथियों और हथियारों के स्रोत के बारे में अधिक जानकारी जुटाई जा सके।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
