जैसलमेर में डीजल भरवाते ही खराब हुईं 20 गाड़ियां, मिलावट के आरोपों के बाद पेट्रोल पंप पर हंगामा
Jaisalmer Indian Oil petrol pump adulterated diesel dispute sparks protest, vehicle owners demand inquiry. जैसलमेर शहर के रेलवे स्टेशन रोड स्थित इंडियन ऑयल के श्री गिरिधर ऑटोमोबाइल पेट्रोल पंप पर बुधवार को हंगामा हो गया। डीजल भरवाने के बाद करीब 20 गाड़ियों में एक जैसी खराबी आ गई।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

डीजल भरवाते ही बंद हुईं गाड़ियां, मचा हड़कंप
जैसलमेर शहर के रेलवे स्टेशन रोड स्थित इंडियन ऑयल के श्री गिरिधर ऑटोमोबाइल पेट्रोल पंप पर बुधवार को उस समय तनाव की स्थिति पैदा हो गई, जब वहां से डीजल भरवाने वाले करीब 20 वाहन चालकों ने एक साथ शिकायत दर्ज कराई। वाहन मालिकों का आरोप है कि पेट्रोल पंप से लिए गए डीजल में पानी की भारी मिलावट थी, जिसके कारण उनकी गाड़ियां कुछ ही दूरी पर जाकर बंद हो गईं।
प्रभावित वाहन चालकों ने बताया कि डीजल भरवाने के तुरंत बाद ही उनकी गाड़ियों की पिकअप अचानक कम हो गई। इसके साथ ही इंजन से तेज बदबू आने लगी और साइलेंसर से सफेद धुआं निकलने लगा। देखते ही देखते कई गाड़ियां बीच रास्ते में ही दम तोड़ गईं, जिससे वाहन मालिकों में भारी आक्रोश फैल गया।
सर्विस सेंटर की जांच में मिलावट की पुष्टि
मामले की गंभीरता तब और बढ़ गई जब खराब हुई गाड़ियों को अधिकृत सर्विस सेंटर ले जाया गया। टोयोटा फॉर्च्यूनर के मालिक देरावर सिंह ने बताया कि जब उन्होंने अपनी गाड़ी महिंद्रा सर्विस सेंटर में दिखाई, तो वहां के तकनीकी विशेषज्ञों ने जांच के बाद लिखित में पुष्टि की कि इंजन में खराबी का मुख्य कारण डीजल में पानी की मिलावट है। इस रिपोर्ट के बाद पीड़ित वाहन मालिक एकजुट होकर पेट्रोल पंप पर पहुंचे और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
प्रदर्शनकारियों ने पेट्रोल पंप के संचालन को तत्काल प्रभाव से बंद करवा दिया। उनका कहना है कि महंगी गाड़ियों के इंजन खराब होने से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। वे इस मामले में निष्पक्ष जांच और अपने नुकसान की भरपाई की मांग पर अड़े हुए हैं।
प्रबंधन ने आरोपों को नकारा, जांच का दिया आश्वासन
दूसरी ओर, पेट्रोल पंप प्रबंधन ने डीजल में मिलावट के सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। पंप के मैनेजर गोवर्धन राम ने दावा किया कि उनके स्टोरेज में रखा डीजल पूरी तरह शुद्ध है और इसमें किसी प्रकार की मिलावट नहीं है। उन्होंने कहा कि वाहन मालिकों द्वारा दिखाए जा रहे डीजल के सैंपल की जांच होना आवश्यक है, तभी सच्चाई सामने आएगी।
प्रबंधन ने इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन के फील्ड अधिकारी मोहित कुमार को दे दी है। कंपनी की ओर से तकनीकी अधिकारियों की टीम जल्द ही मौके पर पहुंचकर डीजल के सैंपल लेगी और उनकी जांच करेगी। प्रबंधन का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
पुलिस तक पहुंचा मामला, कार्रवाई की मांग
घटना की सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस भी मौके पर पहुंची। आक्रोशित वाहन मालिकों ने पुलिस के सामने भी अपनी बात रखी और मांग की कि जब तक इंडियन ऑयल के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर नहीं आते और नुकसान की भरपाई का लिखित आश्वासन नहीं देते, तब तक पेट्रोल पंप को दोबारा शुरू नहीं होने दिया जाएगा। फिलहाल, पंप पर स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है और बड़ी संख्या में वाहन मालिक वहां जमे हुए हैं।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
