जनधन योजना पर मनमोहन सिंह की टिप्पणी को लेकर सीएम मोहन यादव का पलटवार
Bhopal: CM Mohan Yadav criticizes ex-PM Manmohan Singhs mockery of PM Modis Jan Dhan Yojana. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह पर बड़ा राजनीतिक हमला बोलते हुए कहा कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के गरीबों के लिए जीरो बैलेंस पर खाता खोलने की घोषणा की थी, तब बड़े अर्थशास्त्री कहे जाने वाले मनमोहन सिंह ने इसका मजाक उड़ाया था।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल में एक कार्यक्रम के दौरान पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। रवींद्र भवन में आयोजित प्रतिभा सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गरीबों के लिए जीरो बैलेंस बैंक खाते खोलने की पहल की थी, तब देश के बड़े अर्थशास्त्री माने जाने वाले मनमोहन सिंह ने इस योजना का मजाक उड़ाया था।
गरीबों के हक की सीधी पहुंच
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि एक साधारण पृष्ठभूमि से आने वाले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जमीन से जुड़े हालातों को समझा और बिचौलियों के तंत्र को खत्म करने का साहसी निर्णय लिया। उन्होंने दावा किया कि आज देश में 80 करोड़ से अधिक जनधन खाते सक्रिय हैं, जिसके माध्यम से गरीबों को मिलने वाला लाभ बिना किसी कटौती के सीधे उनके बैंक खातों में पहुंच रहा है। उन्होंने इस बदलाव को एक बड़ी उपलब्धि करार दिया।
डॉ. यादव ने पूर्ववर्ती सरकारों के दौर का जिक्र करते हुए कहा कि पहले केंद्र से गरीबों के लिए भेजा गया एक रुपया सिस्टम के भ्रष्टाचार के कारण अंतिम व्यक्ति तक पहुंचते-पहुंचते मात्र 15 पैसे रह जाता था। उन्होंने याद दिलाया कि पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने अपने कार्यकाल के दौरान यह तर्क दिया था कि एक जीरो बैलेंस खाता खोलने में बैंकों को 37 रुपये का खर्च आता है, जिसे उन्होंने उस समय योजना की व्यवहार्यता पर सवाल उठाने के रूप में इस्तेमाल किया था।
प्रतिभा सम्मान समारोह का आयोजन
यह कार्यक्रम भोपाल की दक्षिण-पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के मेधावी छात्रों को सम्मानित करने के लिए आयोजित किया गया था। स्थानीय विधायक भगवानदास सबनानी द्वारा आयोजित इस समारोह में इस वर्ष कुल 591 मेधावी विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के साथ ट्रिपलआईटी के डायरेक्टर डॉ. आशुतोष कुमार सिंह और मिनी मेहरा भी उपस्थित रहे।
विधायक सबनानी ने जानकारी दी कि यह आयोजन लगातार तीसरे वर्ष किया जा रहा है। पहले साल 350 और दूसरे साल 480 छात्रों को सम्मानित किया गया था। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजनों का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र के युवाओं को शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित करना और उन्हें समाज में नई पहचान दिलाने में मदद करना है।
संस्कृति और नेतृत्व पर विचार
समारोह के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भारतीय संस्कृति और मूल्यों पर भी चर्चा की। उन्होंने एक विदेशी घटना का उदाहरण देते हुए कहा कि भारतीय सभ्यता में संवेदनशील मौकों पर भी गरिमा बनाए रखने की परंपरा है। उन्होंने कहा कि पुरस्कार वितरण केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह युवाओं के उस कठिन परिश्रम का सम्मान है जो वे अपने भविष्य को संवारने के लिए करते हैं।
मुख्यमंत्री ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि प्रतिभाएं ही समाज को एक नई दिशा और परिचय देती हैं। उन्होंने छात्रों से आह्वान किया कि वे अपनी मेहनत के दम पर न केवल अपना बल्कि देश का नाम भी रोशन करें। कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों ने भी मेधावी छात्रों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं और उन्हें निरंतर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
