यूपीटीईटी परीक्षा: वाराणसी में अंतिम दिन 4000 अभ्यर्थियों ने बनाई दूरी, परीक्षा प्रक्रिया संपन्न
UPTET exam in Varanasi sees majority of participants are teachers. वाराणसी के 68 केंद्रों पर UPTET यानी उप्र शिक्षक पात्रता परीक्षा आयोजित हुई। गुरुवार और शुक्रवार को तो दो पालियों में परीक्षाएं आयोजित हुईं लेकिन अभ्यर्थियों की संख्या कम होने के कारण अंतिम दिन महज एक ही पाली में परीक्षा हुई।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

वाराणसी में यूपीटीईटी का समापन
वाराणसी में उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) का आयोजन कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच संपन्न हो गया है। 2 जुलाई से शुरू हुई यह परीक्षा तीन दिनों तक चली, जिसमें जिले के 68 परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। परीक्षा के अंतिम दिन तक प्रशासन ने पूरी सतर्कता बरती और नकलविहीन परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए व्यापक प्रबंध किए थे।
परीक्षा के दौरान अभ्यर्थियों की उपस्थिति को लेकर आंकड़े सामने आए हैं। रिपोर्ट के अनुसार, परीक्षा के अंतिम दिन लगभग 4000 अभ्यर्थियों ने परीक्षा में भाग नहीं लिया। हालांकि, परीक्षा में शामिल होने वाले लोगों में एक बड़ी संख्या उन अभ्यर्थियों की थी जो पहले से ही शिक्षण कार्य से जुड़े हुए हैं और अपनी पात्रता को अपग्रेड करने के प्रयास में हैं।
परीक्षा का स्वरूप और उपस्थिति का पैटर्न
परीक्षा के शुरुआती दो दिनों, यानी गुरुवार और शुक्रवार को परीक्षा दो पालियों में आयोजित की गई थी। इन दिनों में अभ्यर्थियों की संख्या के आधार पर केंद्रों पर व्यवस्था की गई थी। हालांकि, अंतिम दिन अभ्यर्थियों की संख्या में कमी देखी गई, जिसके चलते प्रशासन ने परीक्षा को केवल एक ही पाली में आयोजित करने का निर्णय लिया।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, परीक्षा केंद्रों पर किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली है। सभी 68 केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों की निगरानी और स्टेटिक मजिस्ट्रेट की तैनाती के बीच परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से पूरी हुई। जिन अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ी, उनके कारणों का स्पष्ट विवरण अभी आधिकारिक तौर पर साझा नहीं किया गया है।
शिक्षक वर्ग की बड़ी भागीदारी
इस बार की परीक्षा में एक विशेष बात यह रही कि परीक्षा देने वालों में बड़ी संख्या उन लोगों की थी जो पहले से ही शिक्षक के रूप में कार्यरत हैं। यह दर्शाता है कि शिक्षक पात्रता परीक्षा को लेकर न केवल नए युवाओं में बल्कि वर्तमान में कार्यरत शिक्षकों में भी काफी उत्साह और गंभीरता है। वे अपनी शैक्षणिक योग्यता और पात्रता को बेहतर बनाने के लिए इस परीक्षा को एक महत्वपूर्ण अवसर मान रहे हैं।
परीक्षा के दौरान वाराणसी में यातायात और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। केंद्रों के बाहर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल तैनात रहा। परीक्षा के अंतिम दिन एक पाली में परीक्षा संपन्न होने से परीक्षार्थियों को भी काफी राहत मिली, क्योंकि उन्हें केंद्रों तक पहुंचने और वापस लौटने में कम असुविधा हुई।
आगे की प्रक्रिया
परीक्षा संपन्न होने के बाद अब अभ्यर्थियों को उत्तर कुंजी (Answer Key) और परिणामों का इंतजार है। परीक्षा नियामक प्राधिकारी द्वारा जल्द ही आधिकारिक वेबसाइट पर परीक्षा से संबंधित दिशा-निर्देश जारी किए जा सकते हैं। जिन अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी है, वे अब अपने प्रदर्शन का आकलन करने के लिए आधिकारिक घोषणाओं पर नजर बनाए हुए हैं।
वाराणसी प्रशासन ने परीक्षा को सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिए शिक्षा विभाग और स्थानीय पुलिस की सराहना की है। तीन दिनों तक चली इस परीक्षा प्रक्रिया के दौरान किसी भी केंद्र पर पेपर लीक या अन्य गड़बड़ी की कोई शिकायत दर्ज नहीं की गई, जिसे प्रशासन के लिए एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
