उज्जैन रथयात्रा: सुरक्षा घेरे में पुलिस की सख्ती, 24 संदिग्धों को दबोचा
Ujjain Jagannath Rathyatra security alert, 24 suspects detained for theft prevention. उज्जैन में भगवान श्री जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा के दौरान पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखते हुए 24 संदिग्ध व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस को आशंका है कि ये संदिग्ध भीड़ का फायदा उठाकर जेबकतरी या चोरी की वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

उज्जैन में भगवान श्री जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। इस धार्मिक आयोजन में उमड़ी भारी भीड़ का फायदा उठाकर किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना या चोरी को रोकने के लिए पुलिस पूरी तरह सतर्क रही। इसी क्रम में पुलिस ने कुल 24 संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लिया है, जो भीड़ में सक्रिय होकर आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देने की योजना बना रहे थे।
विभिन्न इलाकों में पुलिस की सक्रियता
रथयात्रा का मार्ग आगर रोड से देवास रोड तक फैला हुआ था। इस पूरे रूट और संवेदनशील इलाकों में पुलिस बल की तैनाती की गई थी। उप पुलिस अधीक्षक कमल निगवाल और नागझिरी थाना प्रभारी की टीम ने गश्त के दौरान सात संदिग्धों को संदिग्ध गतिविधियों में लिप्त पाया। पूछताछ के बाद इन सभी को हिरासत में लेकर संबंधित थानों को सुपुर्द कर दिया गया, ताकि उनके आपराधिक रिकॉर्ड की गहन जांच की जा सके।
एक अन्य महत्वपूर्ण कार्रवाई माधव नगर क्षेत्र में देखने को मिली। नगर पुलिस अधीक्षक दीपिका शिंदे के नेतृत्व में तैनात पुलिस टीम ने एक संदिग्ध व्यक्ति को रोका। तलाशी के दौरान उसके पास से एक धारदार चाकू बरामद हुआ। पुलिस ने तुरंत आरोपी को हिरासत में लेकर उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
संयुक्त अभियान और पुलिस का समन्वय
इस सुरक्षा अभियान को सफल बनाने के लिए उज्जैन पुलिस के विभिन्न वरिष्ठ अधिकारियों ने समन्वय के साथ काम किया। इस ऑपरेशन में सीएसपी माधव नगर दीपिका शिंदे, सीएसपी नानाखेड़ा श्वेता गुप्ता, डीएसपी विवेक कनोडिया, देवासगेट थाना प्रभारी नरेंद्र सिंह परिहार और माधवनगर थाना प्रभारी गजेंद्र पचोरिया की टीमों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इन सभी अधिकारियों के संयुक्त प्रयासों से ही रथयात्रा के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखना संभव हो सका।
पकड़े गए सभी 24 संदिग्धों के पिछले आपराधिक इतिहास की जांच की जा रही है। पुलिस का मानना है कि इन लोगों के पकड़े जाने से रथयात्रा के दौरान जेबकतरी और अन्य छोटी-बड़ी चोरियों की घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगा है। पुलिस की इस सतर्कता के कारण श्रद्धालु बिना किसी डर के उत्सव में शामिल हो सके।
बेहतर कार्य के लिए पुलिस टीम को पुरस्कार
पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई और सतर्कता की सराहना करते हुए उज्जैन पुलिस अधीक्षक ने पुरस्कार की घोषणा की है। डीएसपी कमल निगवाल, नागझिरी थाना प्रभारी और उनकी पूरी टीम को उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए 10 हजार रुपये का नकद पुरस्कार दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त, सीएसपी दीपिका शिंदे और उनकी टीम के सदस्यों (आरक्षक अरुण, अशोक, दीप सिंह एवं केदार पटेल) को भी 10 हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की गई है।
आने वाले समय में भी पुलिस प्रशासन ने इसी प्रकार की सतर्कता बनाए रखने का संकल्प लिया है। इस तरह के बड़े आयोजनों में सुरक्षा का दायरा बढ़ाने के लिए पुलिस अब भविष्य में और भी अधिक तकनीकी और मैन्युअल निगरानी का उपयोग करने पर विचार कर रही है, ताकि आम जनता सुरक्षित महसूस करे।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
