पलवल पुलिस को बड़ी कामयाबी: ई-कॉमर्स कंपनियों के ट्रकों को लूटने वाला मास्टरमाइंड गिरफ्तार
Nuh mastermind of e-commerce theft gang nabbed by Palwal Police. पलवल एसटीएफ यूनिट ने ई-कॉमर्स कंपनियों के ट्रकों से लूटपाट करने वाले गिरोह के मास्टरमाइंड नईम को गिरफ्तार किया है। उस पर पांच हजार रुपए का इनाम घोषित था और वह बिहार के अररिया जिले में एक गंभीर मामले में वांछित था।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

हरियाणा के पलवल जिले में पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने एक शातिर अपराधी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। यह आरोपी ई-कॉमर्स कंपनियों के ट्रकों को निशाना बनाने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह का मुख्य सरगना बताया जा रहा है। पुलिस ने आरोपी की पहचान नूंह जिले के सतपुतिया गांव निवासी नईम के रूप में की है। लंबे समय से वांछित चल रहे इस अपराधी पर पांच हजार रुपये का इनाम भी घोषित था।
ट्रक चालकों की मिलीभगत से देता था वारदात को अंजाम
एसटीएफ पलवल यूनिट के प्रभारी अनिल ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि नईम का गिरोह बेहद संगठित तरीके से काम करता था। यह गिरोह मुख्य रूप से अमेजन और फ्लिपकार्ट जैसी बड़ी ई-कॉमर्स कंपनियों के कीमती सामान से भरे ट्रकों को अपना निशाना बनाता था। पूछताछ में सामने आया है कि नईम ट्रक चालकों के साथ मिलीभगत करके वारदातों को अंजाम देता था, जिससे उसे ट्रकों के रूट और सामान की जानकारी आसानी से मिल जाती थी।
आरोपी की कार्यप्रणाली का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि वह लूटे गए सामान को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के लिए अपनी निजी स्कॉर्पियो गाड़ी का इस्तेमाल करता था। पुलिस के शुरुआती आंकड़ों के अनुसार, नईम अब तक करीब 10 से 15 वारदातों में सक्रिय रूप से शामिल रहा है। इनमें से कई मामले ऐसे भी हैं जिनमें पुलिस के पास कोई औपचारिक शिकायत या एफआईआर दर्ज नहीं हो पाई थी।
बिहार और हरियाणा पुलिस की संयुक्त कार्रवाई
नईम की गिरफ्तारी केवल हरियाणा पुलिस के लिए ही नहीं, बल्कि अन्य राज्यों के लिए भी महत्वपूर्ण है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, आरोपी वर्ष 2023 में फरीदाबाद के सेक्टर-58 थाना क्षेत्र में हुए एक बड़े ट्रक लूट कांड में भी मुख्य आरोपी था। वह पिछले तीन वर्षों से कानून की नजरों से बचकर भाग रहा था। फरीदाबाद पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी पर पांच हजार रुपये का इनाम रखा था।
इसके अलावा, नईम बिहार के अररिया जिले में दर्ज एक गंभीर आपराधिक मामले में भी वांछित था। गुप्त सूचना के आधार पर एसटीएफ ने उसे नूंह से दबोच लिया। गिरफ्तारी के बाद उसे कानूनी प्रक्रिया के तहत बिहार पुलिस को सौंप दिया गया है। अब बिहार पुलिस उससे गहन पूछताछ करेगी ताकि गिरोह के अन्य सदस्यों और नेटवर्क के बारे में जानकारी जुटाई जा सके।
आगे की जांच और गिरोह का नेटवर्क
पुलिस का मानना है कि नईम की गिरफ्तारी से ई-कॉमर्स कंपनियों के सामान की चोरी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हो सकता है। जांच अधिकारी इस बात का पता लगाने में जुटे हैं कि इस गिरोह में और कौन-कौन से लोग शामिल हैं और लूटे गए सामान को आगे कहां खपाया जाता था। पुलिस को उम्मीद है कि नईम से पूछताछ के बाद कई अनसुलझे मामलों का खुलासा होगा।
वर्तमान में आरोपी को बिहार पुलिस की कस्टडी में भेजा गया है, जहां उससे अररिया मामले के संबंध में पूछताछ की जाएगी। पलवल एसटीएफ ने स्पष्ट किया है कि इस गिरोह के किसी भी सदस्य को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही पूरे नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया जाएगा। इस गिरफ्तारी को पुलिस की एक बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
