नालंदा: आषाढ़ी पूजा के दौरान बवाल, फायरिंग और पथराव के बाद 4 गिरफ्तार
Nalanda Mitma village violent clash stone pelting firing incident police action 11 FIR 4 arrested. नालन्दा के सिलाव थाना क्षेत्र के मितमा गांव में शुक्रवार को हुए हिंसक झड़प, पथराव और फायरिंग के मामले में पुलिस ने सख्त कार्रवाई की है। पुलिस ने 11 नामजद और अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

मितमा गांव में तनाव: पूजा के दौरान दो पक्षों में खूनी संघर्ष
बिहार के नालंदा जिले के सिलाव थाना अंतर्गत मितमा गांव में शुक्रवार को आषाढ़ी पूजा के आयोजन को लेकर उपजे विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। स्थिति तब बिगड़ गई जब दो गुटों के बीच कहासुनी के बाद जमकर पथराव और फायरिंग शुरू हो गई। इस घटना में एक युवक के घायल होने की सूचना है, जिसे उपचार के लिए पावापुरी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह विवाद तीन दिन पहले शुरू हुआ था, जो शुक्रवार को हिंसक संघर्ष में तब्दील हो गया। दोनों पक्षों की ओर से हुई पत्थरबाजी और गोलीबारी के कारण अफरा-तफरी मच गई। गोलीबारी की घटना में एक युवक बाल-बाल बच गया, लेकिन गोली छूकर निकल जाने से वह घायल हो गया। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू की है।
पुलिस की सख्त कार्रवाई: 11 लोगों पर नामजद प्राथमिकी
घटना के बाद सिलाव पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 11 नामजद और कई अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। थाना प्रभारी धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि मितमा मुशहरी निवासी गोपाल मांझी की शिकायत पर यह मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने शनिवार को छापेमारी कर चार मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किए गए लोगों में मितमा गांव के नीलेश कुमार, ओम कुमार, गौरव कुमार और रहुई के रहने वाले आदित्य कुमार शामिल हैं।
डीएसपी संजीत कुमार गुप्ता ने बताया कि वर्तमान में गांव की स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में है। पुलिस प्रशासन ने किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए गांव में भारी पुलिस बल की तैनाती कर दी है। पुलिस की टीमें लगातार गश्त कर रही हैं और फरार चल रहे अन्य आरोपियों की धर-पकड़ के लिए छापेमारी जारी है।
गांव में भारी पुलिस बल तैनात, स्थिति पर पैनी नजर
हिंसक झड़प के बाद से मितमा गांव में पुलिस कैंप कर रही है। वरिष्ठ अधिकारी लगातार स्थिति का जायजा ले रहे हैं और गांव की हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि उपद्रव करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
स्थानीय प्रशासन ने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने की अपील की है। फिलहाल गांव में तनावपूर्ण शांति है और पुलिस बल की मौजूदगी से लोग सुरक्षित महसूस कर रहे हैं। जांच अधिकारी इस बात का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि आखिर तीन दिन पहले शुरू हुआ मामूली विवाद इतना बड़ा रूप कैसे ले लिया कि नौबत फायरिंग तक पहुंच गई।
आने वाले दिनों में पुलिस की जांच का दायरा और बढ़ सकता है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि फायरिंग के लिए इस्तेमाल किए गए हथियार कहां से आए और इस हिंसा के पीछे मुख्य सूत्रधार कौन थे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कानून व्यवस्था को बिगाड़ने की कोशिश करने वालों पर कड़ी नजर रखी जाएगी।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
