कोटा ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट: दिसंबर 2027 से उड़ान भरने की तैयारी, ओम बिरला ने निर्माण कार्य में तेजी लाने के दिए निर्देश
कोटा के शंभुपुरा में निर्माणाधीन ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे के निर्माण कार्य की प्रगति की समीक्षा के लिए गुरुवार को संसद भवन,नई दिल्ली में लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में एयरपोर्ट निर्माण की वर्तमान प्रगति, पर्यावरणीय एवं तकनीकी स्वीकृतियो, परियोजना के विभिन्न चरणों की समीक्षा की गई।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

कोटा में निर्माणाधीन ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे के निर्माण कार्य को लेकर नई दिल्ली स्थित संसद भवन में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में परियोजना की वर्तमान स्थिति और आगामी लक्ष्यों पर विस्तार से चर्चा की गई। इस दौरान केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री किंजरापु राममोहन नायडू, मंत्रालय के सचिव, भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) के चेयरमैन और राज्य प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
अक्टूबर 2027 तक निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य
बैठक में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने स्पष्ट निर्देश दिए कि कोटा के शंभुपुरा में बन रहे इस एयरपोर्ट का निर्माण कार्य अक्टूबर 2027 तक हर हाल में पूरा कर लिया जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि दिसंबर 2027 से यहां से नियमित हवाई सेवाएं शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसे समयबद्ध तरीके से पूरा करना अनिवार्य है। बिरला ने जोर दिया कि निर्माण की गुणवत्ता में कोई समझौता नहीं होना चाहिए और किसी भी प्रकार की तकनीकी या प्रशासनिक बाधा आने पर उसे प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाए।
परियोजना की निगरानी के लिए लोकसभा अध्यक्ष ने अधिकारियों को हर तीन महीने में प्रगति रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए हैं। इससे निर्माण कार्यों की नियमित समीक्षा की जा सकेगी और यदि कहीं कोई देरी होती है, तो उसे समय रहते सुधारा जा सकेगा। बैठक में यह भी सुनिश्चित किया गया कि एयरपोर्ट से जुड़ी सभी पर्यावरणीय और तकनीकी स्वीकृतियां समय पर प्राप्त हो जाएं ताकि काम की गति प्रभावित न हो।
परियोजना की वर्तमान स्थिति और प्रगति
बैठक के दौरान दी गई जानकारी के अनुसार, कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट का निर्माण कार्य मई 2025 में शुरू हुआ था। वर्तमान में परियोजना का डिजाइन और डेवलपमेंट चरण लगभग 80 प्रतिशत पूरा हो चुका है। इसके साथ ही, साइट पर फाउंडेशन का काम भी शुरू कर दिया गया है। अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि निर्धारित समय-सीमा के भीतर काम को पूरा करने के लिए संसाधन जुटाए जा रहे हैं।
लगभग 1507 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हो रहे इस हवाई अड्डे को हाड़ौती क्षेत्र के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। शंभुपुरा में बन रहा यह एयरपोर्ट न केवल कोटा और बूंदी के निवासियों को हवाई कनेक्टिविटी प्रदान करेगा, बल्कि पूरे क्षेत्र के औद्योगिक, शैक्षणिक और व्यापारिक परिदृश्य को बदलने में भी मदद करेगा।
हाड़ौती क्षेत्र के विकास को मिलेगी नई उड़ान
कोटा को शिक्षा और औद्योगिक हब के रूप में जाना जाता है, लेकिन हवाई कनेक्टिविटी के अभाव में यहां के विकास की गति सीमित थी। इस ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के चालू होने से पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। देश के अन्य प्रमुख शहरों से सीधी हवाई सेवा जुड़ने से निवेशकों और पर्यटकों का आवागमन सुगम होगा, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।
बैठक में मौजूद अधिकारियों ने परियोजना को समय पर पूरा करने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। लोकसभा अध्यक्ष के ओएसडी राजीव दत्ता भी इस महत्वपूर्ण बैठक में शामिल रहे। अब सबकी नजरें आगामी महीनों में होने वाले निर्माण कार्यों की गति पर टिकी हैं, ताकि दिसंबर 2027 का लक्ष्य हासिल किया जा सके।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
