सवाई माधोपुर: रणथंभौर रोड पर खड़ी कार बनी आग का गोला, बड़ा हादसा टला
Ranthambore road car fire accident update in Sawai Madhopur. सवाई माधोपुर के रणथंभौर रोड स्थित चौपाटी पर गुरुवार देर शाम एक खड़ी कार में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते कार से तेज लपटें उठने लगीं, जिससे मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

रणथंभौर रोड पर मची अफरा-तफरी
सवाई माधोपुर के व्यस्त रणथंभौर रोड स्थित चौपाटी के पास गुरुवार देर शाम एक दर्दनाक घटना सामने आई। यहां सड़क किनारे खड़ी एक रिट्ज कार में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया, जिससे आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया। घटना के समय कार सड़क के किनारे खड़ी थी, जिससे वहां मौजूद राहगीरों और दुकानदारों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग लगने की घटना रात करीब 9 बजे के आसपास हुई। कार से उठती आग की ऊंची लपटों को देखकर स्थानीय लोग तुरंत मदद के लिए दौड़े। आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि कुछ ही पलों में कार का अगला हिस्सा पूरी तरह से लपटों की चपेट में आ गया। गनीमत यह रही कि इस दौरान कार के अंदर कोई मौजूद नहीं था, जिससे एक बड़ा जान-माल का नुकसान होने से बच गया।
दमकल विभाग की त्वरित कार्रवाई
आग की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों ने अपने स्तर पर आग बुझाने के प्रयास शुरू कर दिए। लोगों ने फायर एक्सटिंग्विशर और पानी की मदद से लपटों को काबू में करने की कोशिश की। इसी बीच नगर परिषद की दमकल विभाग को भी सूचित कर दिया गया। सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ी तुरंत घटनास्थल पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया।
दमकल कर्मियों ने करीब 10 मिनट की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया। समय रहते आग बुझा लिए जाने के कारण आसपास खड़े अन्य वाहनों और पास की दुकानों को कोई नुकसान नहीं पहुंचा। यदि आग पर समय रहते काबू नहीं पाया जाता, तो यह आसपास की संपत्तियों को भी अपनी चपेट में ले सकती थी, जिससे बड़ा आर्थिक नुकसान हो सकता था।
शॉर्ट सर्किट की आशंका
घटना के बाद प्राथमिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि कार की वायरिंग में किसी तकनीकी खराबी के चलते चिंगारी उठी होगी, जिसने बाद में आग का रूप ले लिया। हालांकि, आग लगने के वास्तविक कारणों की पुष्टि के लिए अभी विस्तृत जांच की जा रही है। पुलिस और तकनीकी टीम इस बात का पता लगाने में जुटी है कि क्या यह कोई यांत्रिक खराबी थी या कोई अन्य कारण।
इस घटना ने एक बार फिर वाहनों के रखरखाव और सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों की सलाह है कि पुरानी कारों की वायरिंग की समय-समय पर जांच करानी चाहिए, ताकि इस तरह के हादसों से बचा जा सके। फिलहाल, प्रशासन ने वाहन मालिकों से अपील की है कि वे अपने वाहनों की नियमित सर्विसिंग सुनिश्चित करें।
आग बुझने के बाद स्थानीय लोगों और वाहन मालिक ने राहत की सांस ली। घटना के बाद कुछ समय के लिए रणथंभौर रोड पर यातायात भी प्रभावित रहा, जिसे बाद में सामान्य कर दिया गया। स्थानीय पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और मामले की रिपोर्ट दर्ज की है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
