बलरामपुर: औरझरिया घाट पर ट्रक खराब होने से तीन घंटे तक थमा रहा यातायात, दो किलोमीटर लंबी कतार

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

बलरामपुर जिले के औरझरिया घाट पर शनिवार की सुबह एक ट्रक के खराब हो जाने के कारण नेशनल हाईवे 343 पर यातायात पूरी तरह से बाधित हो गया। ट्रक का प्रेशर पाइप फटने से वाहन बीच सड़क पर ही खड़ा हो गया, जिसके चलते करीब तीन घंटे तक वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। इस जाम की वजह से राहगीरों और यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
दो किलोमीटर तक रेंगते रहे वाहन
घटना सुबह करीब सात बजे की है। औरझरिया घाट के डायवर्शन मार्ग पर ट्रक के अचानक खराब होने से सड़क के दोनों ओर वाहनों का दबाव बढ़ गया। देखते ही देखते जाम की स्थिति दो किलोमीटर तक फैल गई। सुबह के व्यस्त समय में जाम लगने के कारण लोग अपने गंतव्य तक समय पर नहीं पहुंच सके। स्थानीय लोगों के अनुसार, हाईवे पर निर्माण कार्य की धीमी गति और बारिश के कारण पहले से ही स्थिति चुनौतीपूर्ण बनी हुई है।
यातायात को सुचारू करने के लिए हाईवे पेट्रोलियम विभाग के कर्मचारियों को मौके पर बुलाया गया। कड़ी मशक्कत के बाद ट्रक को सड़क से हटाया गया, जिसके बाद सुबह दस बजे के करीब आवागमन धीरे-धीरे सामान्य हो पाया। हालांकि, इस दौरान एंबुलेंस और अन्य आपातकालीन सेवाओं के फंसने का खतरा भी बना रहा।
निर्माण कार्य और सकरी सड़क बनी मुसीबत
इस मार्ग पर चल रहे सड़क निर्माण कार्य की सुस्त रफ्तार पर भी सवाल उठ रहे हैं। बारिश के मौसम में घाट कटिंग का काम अधूरा होने के कारण सड़क की चौड़ाई काफी कम हो गई है। वर्तमान में वहां केवल पांच मीटर की सड़क ही शेष बची है, जिससे किसी भी वाहन के खराब होने पर पूरा रास्ता ब्लॉक हो जाता है।
नेशनल हाईवे के अनुविभागीय अधिकारी निखिल लकड़ा ने स्थिति पर स्पष्टीकरण देते हुए बताया कि सड़क की चौड़ाई कम होने के कारण यह समस्या उत्पन्न हुई है। उन्होंने कहा कि घाट कटिंग का काम अभी निर्माणाधीन है और बारिश के कारण इसमें बाधा आ रही है। विभाग का प्रयास है कि जल्द से जल्द कटिंग का कार्य पूरा किया जाए ताकि भविष्य में इस तरह की जाम की स्थिति दोबारा न बने।
यात्रियों की सुरक्षा और भविष्य की राह
स्थानीय निवासियों का कहना है कि औरझरिया घाट पर आए दिन इस तरह की समस्याएं देखने को मिलती हैं। निर्माण कार्य में हो रही देरी न केवल समय की बर्बादी का कारण बन रही है, बल्कि यह सुरक्षा के लिहाज से भी जोखिम भरा है। विशेषकर बारिश के दौरान फिसलन भरी सड़कों पर जाम लगने से दुर्घटनाओं की आशंका भी बढ़ जाती है।
प्रशासन अब इस मार्ग पर यातायात के दबाव को नियंत्रित करने और निर्माण कार्य में तेजी लाने की योजना पर काम कर रहा है। जब तक घाट कटिंग का कार्य पूर्ण नहीं हो जाता, तब तक भारी वाहनों के आवागमन के दौरान सावधानी बरतने की आवश्यकता है। यात्रियों ने मांग की है कि निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं ताकि आम जनता को बार-बार जाम की समस्या से न जूझना पड़े।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
