शेखपुरा गैंगरेप: आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए 48 घंटे का अल्टीमेटम, भूमिहार एकता मंच ने दी आंदोलन की चेतावनी
Warning of protest if no arrest in 48 hours. भूमिहार एकता मंच met victims family, assured justice. शेखपुरा में बीए की परीक्षा देकर घर लौट रही छात्रा से कथित दुष्कर्म के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। रविवार को भूमिहार एकता मंच के नेताओं का एक शिष्टमंडल पीड़िता के घर पहुंचा और परिजनों से मुलाकात कर उन्हें न्याय दिलाने का भरोसा दिया।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

बिहार के शेखपुरा जिले में बीए की परीक्षा देकर लौट रही एक छात्रा के साथ हुए कथित दुष्कर्म का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से आक्रोशित विभिन्न सामाजिक संगठनों ने अब मोर्चा खोल दिया है। रविवार को भूमिहार एकता मंच के एक प्रतिनिधिमंडल ने पीड़िता के आवास पर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की और उन्हें हर संभव न्याय दिलाने का भरोसा दिया।
48 घंटे में गिरफ्तारी नहीं तो होगा उग्र प्रदर्शन
भूमिहार एकता मंच के प्रदेश प्रवक्ता और पूर्व जिला परिषद उपाध्यक्ष रंजीत कुमार सिंह उर्फ बुधन भाई के नेतृत्व में पहुंचे शिष्टमंडल ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि अगले 48 घंटों के भीतर नामजद आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया, तो 14 जुलाई को शेखपुरा कलेक्ट्रेट के सामने बड़ा धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। मंच ने कहा कि पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए वे किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं।
प्रतिनिधिमंडल में मंच के पूर्व जिलाध्यक्ष नित्यानंद प्रसाद सिंह, जिला उपाध्यक्ष चुनचुन सिंह और अन्य वरिष्ठ सदस्य शामिल थे। इन नेताओं ने पीड़िता के परिवार को ढांढस बंधाते हुए कहा कि समाज का हर वर्ग उनके साथ खड़ा है और दोषियों को कानून के दायरे में लाकर कड़ी सजा दिलाई जाएगी।
आर्थिक तंगी से जूझ रहा पीड़ित परिवार
जानकारी के अनुसार, पीड़िता का परिवार बेहद आर्थिक तंगी से गुजर रहा है। करीब पांच साल पहले छात्रा के पिता का निधन हो चुका है, जिसके बाद से उसकी मां परचून की दुकान चलाकर घर का खर्च चला रही हैं। पीड़िता अपने भाई-बहनों में सबसे बड़ी है और अपनी पढ़ाई पूरी करने के लिए संघर्ष कर रही है। सामाजिक कार्यकर्ताओं ने प्रशासन से मांग की है कि इस संवेदनशील मामले में त्वरित कार्रवाई के साथ-साथ पीड़ित परिवार को सुरक्षा और आर्थिक सहायता भी मुहैया कराई जाए।
यह घटना 7 जुलाई की देर शाम की है, जब छात्रा कॉलेज से परीक्षा देकर घर लौट रही थी। आरोप है कि रास्ते में उसे बंधक बनाकर दुष्कर्म किया गया। इस मामले में पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है, लेकिन आरोपियों की पहुंच से बाहर होने के कारण स्थानीय लोगों में भारी रोष व्याप्त है।
पुलिस की कार्रवाई और राजनीतिक दबाव
शेखपुरा पुलिस का दावा है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी के निर्देश पर एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है। कई थानों की पुलिस टीमें लगातार संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। हालांकि, अब तक किसी की गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं हुई है।
इस मामले में राजनीतिक सक्रियता भी बढ़ गई है। शनिवार को भाजपा नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने भी पीड़िता के परिवार से मुलाकात कर प्रशासन को चेतावनी दी थी। लगातार बढ़ रहे सामाजिक और राजनीतिक दबाव के बीच अब पुलिस पर आरोपियों को जल्द पकड़ने का भारी दबाव है।
आने वाले 48 घंटे इस मामले में काफी महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। यदि पुलिस तय समय सीमा के भीतर आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर पाती है, तो जिले में कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर विरोध प्रदर्शन और तेज हो सकते हैं।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
