रेवाड़ी पुलिस पर फायरिंग के लिए हथियार देने वाला सप्लायर गिरफ्तार, 11 मामलों का है आरोपी
Arms supplier arrested in Rewari police firing case. रेवाड़ी में धारूहेड़ा सीआईए ने हथियार सप्लायर को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने जुलाई माह में पुलिस टीम पर हमला करने वाले आरोपियों को हथियार सप्लाई किए थे।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

रेवाड़ी जिले में पुलिस टीम पर जानलेवा हमला करने वाले बदमाशों को हथियार मुहैया कराने वाले एक कुख्यात सप्लायर को धारूहेड़ा सीआईए ने गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस के 'ऑपरेशन ट्रैक डाउन' के तहत की गई है। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उसे अदालत में पेश कर एक दिन के रिमांड पर लिया है ताकि उसके नेटवर्क और अन्य आपराधिक संपर्कों का पता लगाया जा सके।
जुलाई में हुई थी पुलिस टीम पर फायरिंग
यह मामला 2 जुलाई का है, जब धारूहेड़ा सीआईए प्रभारी योगेश हुड्डा की टीम को सहाबी पुल के पास नाकेबंदी के दौरान बदमाशों के आने की गुप्त सूचना मिली थी। पुलिस ने जब संदिग्धों को रुकने का इशारा किया, तो उन्होंने पुलिस टीम पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। इस मुठभेड़ में पुलिसकर्मियों की जान बाल-बाल बची। बदमाशों की एक गोली एसआई फकरुदीन की बुलेट प्रूफ जैकेट पर लगी, जबकि अन्य गोलियां निरीक्षक योगेश हुड्डा और एसआई प्रदीप कुमार के बेहद करीब से गुजरीं।
पुलिस की जवाबी कार्रवाई में गोली लगने से दो बदमाश घायल हो गए थे, जिन्हें बाद में गिरफ्तार कर लिया गया। उनकी पहचान मोहन सोनी (निवासी गांव बोलनी) और गोविन्द उर्फ झम्मन (निवासी गांव जोखावास, राजस्थान) के रूप में हुई थी। पूछताछ के दौरान इन दोनों ने पुलिस को बताया कि वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियार उन्हें मुबारिक उर्फ मुग्गा ने उपलब्ध कराए थे।
आरोपी का लंबा आपराधिक इतिहास
हथियार सप्लायर मुबारिक उर्फ मुग्गा को पुलिस ने मंगलवार को गिरफ्तार किया। आरोपी का आपराधिक रिकॉर्ड काफी लंबा है। उसके खिलाफ रेवाड़ी के मॉडल टाउन, सदर, कसौला और शहर थाना क्षेत्र के अलावा नूंह जिले के सदर तावडू थाने में भी मामले दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार, उस पर हत्या, हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट, नशा तस्करी और मारपीट जैसे कुल 11 गंभीर मामले पहले से दर्ज हैं।
पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि मुबारिक ने और किन-किन अपराधियों को हथियार सप्लाई किए हैं। रिमांड के दौरान उससे पूछताछ में कई और बड़े खुलासे होने की उम्मीद है। पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में अवैध हथियारों की तस्करी करने वाले गिरोहों के खिलाफ सख्त अभियान जारी रहेगा।
ऑपरेशन ट्रैक डाउन की सफलता
रेवाड़ी पुलिस का 'ऑपरेशन ट्रैक डाउन' अपराधियों के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य उन लोगों को पकड़ना है जो सीधे तौर पर अपराध में शामिल नहीं होते, लेकिन अपराधियों को रसद, हथियार या पनाह देने का काम करते हैं। मुबारिक की गिरफ्तारी को इस अभियान की एक बड़ी सफलता के रूप में देखा जा रहा है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कानून व्यवस्था को चुनौती देने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल, पुलिस रिमांड के दौरान मुबारिक से मिले इनपुट के आधार पर अन्य संदिग्धों की तलाश में छापेमारी कर रही है। इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक पुख्ता करने के लिए गश्त बढ़ा दी गई है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
