राजस्थान में 6 आईपीएस अधिकारियों को मिली नई तैनाती, कार्मिक विभाग ने जारी किए आदेश
राजस्थान सरकार के कार्मिक (क-1) विभाग ने हाल ही में राजस्थान पुलिस सेवा (RPS) से भारतीय पुलिस सेवा (IPS) में पदोन्नत हुए छह अधिकारियों को पहली पोस्टिंग दे दी है। कार्मिक विभाग की ओर से शनिवार को जारी आदेश के अनुसार सभी अधिकारियों का पदस्थापन राज्यहित में तत्काल प्रभाव से किया गया है।

मुश्ताक अहमद खान
Editor in chief

राजस्थान सरकार ने प्रशासनिक फेरबदल के तहत भारतीय पुलिस सेवा (IPS) में पदोन्नत हुए छह अधिकारियों को नई जिम्मेदारी सौंपी है। कार्मिक विभाग (क-1) द्वारा शनिवार को जारी किए गए आधिकारिक आदेशों के अनुसार, इन सभी अधिकारियों का पदस्थापन राज्य हित में तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है। ये अधिकारी पूर्व में राजस्थान पुलिस सेवा (RPS) का हिस्सा थे और पदोन्नति के बाद अब उन्हें आईपीएस संवर्ग में पहली बार महत्वपूर्ण पदों पर तैनात किया गया है।
किसे मिली कौन सी जिम्मेदारी
संयुक्त शासन सचिव डॉ. धीरज कुमार सिंह द्वारा जारी आदेशों के मुताबिक, राजेंद्र सिंह सिसौदिया को पुलिस अधीक्षक (सुरक्षा), राजस्थान, जयपुर के पद पर नियुक्त किया गया है। वहीं, नरपत सिंह को जोधपुर में पुलिस अधीक्षक, सीआईडी (एसएसबी) की जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा, राम स्वरूप शर्मा को राजस्थान पुलिस अकादमी, जयपुर में उप निदेशक के पद पर पदस्थापित किया गया है।
सूची में शामिल अन्य अधिकारियों में राजेंद्र प्रसाद खोथ का नाम है, जिन्हें पुलिस अधीक्षक, सीआईडी (सीबी), राजस्थान, जयपुर बनाया गया है। धनपत राज को पुलिस मुख्यालय, जयपुर में पुलिस अधीक्षक, आर4सी (R4C) के पद पर तैनात किया गया है। साथ ही, रेवंत दान को राज्य आपदा प्रतिसाद बल (SDRF), जयपुर में कमांडेंट की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
प्रशासनिक प्रक्रिया और निर्देश
इन अधिकारियों की पदोन्नति हाल ही में संपन्न हुई थी, जिसके बाद से ही इनकी पहली पोस्टिंग को लेकर कयास लगाए जा रहे थे। अब आधिकारिक आदेश जारी होने के बाद सभी संबंधित अधिकारियों को शीघ्र अपना कार्यभार संभालने के निर्देश दिए गए हैं। यह तैनाती पूरी तरह से प्रशासनिक आवश्यकता और राज्य की सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से की गई है।
कार्मिक विभाग ने इस प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करने के लिए संबंधित विभागों और नियंत्रक अधिकारियों को विशेष निर्देश जारी किए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि कार्यमुक्त होने वाले अधिकारियों का लास्ट पे सर्टिफिकेट (LPC) और GA-141 प्रपत्र के अनुसार सेवा सत्यापन समय पर पूरा किया जाए। यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि प्रशासनिक रिकॉर्ड में किसी भी प्रकार की देरी न हो।
पुलिस महकमे में बदलाव का महत्व
राजस्थान पुलिस में आरपीएस से आईपीएस संवर्ग में पदोन्नति एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, जो अधिकारियों के लंबे अनुभव और सेवा रिकॉर्ड के आधार पर तय होती है। इन छह अधिकारियों को मिली नई नियुक्तियां राज्य की कानून-व्यवस्था और सुरक्षा तंत्र को और अधिक प्रभावी बनाने में सहायक सिद्ध होंगी। विशेष रूप से सीआईडी और सुरक्षा जैसे संवेदनशील विभागों में अनुभवी अधिकारियों की तैनाती को प्राथमिकता दी गई है।
राज्य सरकार के इस निर्णय से पुलिस मुख्यालय के विभिन्न विंग्स में कामकाज की गति बढ़ने की उम्मीद है। आपदा प्रबंधन से लेकर खुफिया विभाग तक, इन अधिकारियों के अनुभव का लाभ राज्य प्रशासन को मिलेगा। सभी नियुक्त अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से अपने नए कार्यालयों में रिपोर्ट करने के लिए कहा गया है, ताकि प्रशासनिक कार्यों में निरंतरता बनी रहे।
आने वाले दिनों में इन अधिकारियों के अपने-अपने कार्यभार संभालने के साथ ही संबंधित विभागों में कामकाज की नई रूपरेखा तैयार की जाएगी। सरकार की ओर से जारी यह आदेश राज्य के पुलिस प्रशासन में एक बड़े बदलाव के रूप में देखा जा रहा है, जिसका सीधा असर जमीनी स्तर पर पुलिसिंग की गुणवत्ता पर पड़ेगा।

Editor in chief
मुश्ताक अहमद खान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
