प्रयागराज में पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल: एसीपी राजकुमार सिंह 13 दिन में ही कर्नलगंज से हटाए गए
एसीपी कर्नलगंज राजकुमार सिंह को उनकी तैनाती के महज 13 दिन बाद ही हटा दिया गया। फूलपुर के एसीपी विवेक यादव को कर्नलगंज सर्किल की कमान सौंपी गई है।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट में रविवार को हुए एक प्रशासनिक फेरबदल ने पुलिस महकमे में चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया है। कर्नलगंज सर्किल के एसीपी राजकुमार सिंह को उनकी तैनाती के महज 13 दिन के भीतर ही उनके पद से हटा दिया गया है। उन्हें अब फूलपुर सर्किल की जिम्मेदारी सौंपी गई है, जबकि फूलपुर में तैनात रहे एसीपी विवेक यादव को कर्नलगंज सर्किल का नया एसीपी नियुक्त किया गया है।
महत्वपूर्ण और संवेदनशील है कर्नलगंज सर्किल
कर्नलगंज सर्किल को प्रयागराज के सिटी जोन का सबसे महत्वपूर्ण और संवेदनशील इलाका माना जाता है। इस क्षेत्र में जिला न्यायालय, कलेक्ट्रेट, इलाहाबाद विश्वविद्यालय और कई प्रमुख शिक्षण संस्थान स्थित हैं। साथ ही, बड़ी संख्या में प्रतियोगी छात्र भी इसी क्षेत्र में निवास करते हैं। अपनी भौगोलिक स्थिति और सरकारी कार्यालयों की मौजूदगी के कारण, कानून-व्यवस्था के लिहाज से यह सर्किल हमेशा पुलिस प्रशासन के लिए प्राथमिकता पर रहता है।
एसीपी राजकुमार सिंह ने 7 जुलाई को कर्नलगंज सर्किल की कमान संभाली थी। हालांकि, उनके कार्यकाल को दो सप्ताह भी पूरे नहीं हुए थे कि रविवार को जारी तबादला आदेश ने सबको चौंका दिया। इस अचानक हुए बदलाव के पीछे किसी भी आधिकारिक कारण का उल्लेख नहीं किया गया है, जिसके चलते पुलिस गलियारों में इसे लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।
अधिवक्ता-पुलिस विवाद से जोड़कर देखी जा रही कार्रवाई
पुलिस विभाग के भीतर चल रही चर्चाओं के अनुसार, इस तबादले को हाल ही में जॉर्जटाउन थाना क्षेत्र में हुए अधिवक्ता और पुलिस के बीच विवाद से जोड़कर देखा जा रहा है। गौरतलब है कि 15 जुलाई को एक रेस्टोरेंट विवाद के मामले में पुलिस द्वारा अधिवक्ताओं पर मुकदमा दर्ज किए जाने के बाद स्थिति काफी तनावपूर्ण हो गई थी। इस मामले में नाराज अधिवक्ताओं ने जिला न्यायालय के बाहर करीब छह घंटे तक प्रदर्शन किया था, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया था।
प्रदर्शन के दौरान स्थिति तब शांत हुई जब जॉर्जटाउन थाना प्रभारी योगेंद्र कुमार को हटाए जाने का निर्णय लिया गया। पुलिस सूत्रों का कहना है कि इस पूरे घटनाक्रम के दौरान विवाद को समय रहते नियंत्रित न कर पाने और प्रभावी हस्तक्षेप की कमी को एसीपी के तबादले का एक संभावित कारण माना जा रहा है। हालांकि, पुलिस कमिश्नरेट के किसी भी वरिष्ठ अधिकारी ने आधिकारिक रूप से इस दावे की पुष्टि नहीं की है।
कौन हैं एसीपी राजकुमार सिंह?
मूल रूप से अयोध्या के रहने वाले राजकुमार सिंह 2020 बैच के प्रमोटेड पीपीएस अधिकारी हैं। वर्ष 2020 में इंस्पेक्टर से क्षेत्राधिकारी के पद पर पदोन्नत होने के बाद, प्रयागराज कमिश्नरेट में यह उनकी पहली तैनाती थी। कर्नलगंज जैसे संवेदनशील सर्किल में उनका 13 दिन का संक्षिप्त कार्यकाल अब चर्चा का विषय बना हुआ है।
अब कर्नलगंज की कमान संभालने वाले नए एसीपी विवेक यादव के सामने कई चुनौतियां होंगी। उन्हें न केवल क्षेत्र की कानून-व्यवस्था को सुचारू बनाए रखना होगा, बल्कि विश्वविद्यालय परिसर और अधिवक्ताओं से जुड़े संवेदनशील मामलों में भी संतुलन बनाकर चलना होगा। पुलिस कमिश्नरेट के इस फेरबदल को प्रशासनिक सुधार और व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त करने की कवायद के रूप में भी देखा जा रहा है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!