प्रयागराज: अमृत वाटिका सील करने पहुंची पीडीए टीम से बदसलूकी, भाकियू नेता समेत कई पर मुकदमा
Prayagraj PDA raid on Amrit Vatika guest house leads to chaos. Bhaikiyu leader named in FIR. प्रयागराज में झलवा स्थित अमृत वाटिका मैरिज लॉन को सील करने प्रयागराज विकास प्राधिकरण (पीडीए) की टीम के पहुंचेन पर हंगामा हो गया। पीडीए के सुपरवाइजर ने आरोप लगाया है कि कार्रवाई का विरोध करते हुए कुछ लोगों ने सरकारी टीम के साथ धक्का-मुक्की की, सरकारी कार्य में बाधा डाली, जातिसूचक गालियां दीं और जान से मारने की धमकी दी।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

झलवा में पीडीए की कार्रवाई के दौरान बवाल
प्रयागराज के झलवा इलाके में स्थित अमृत वाटिका मैरिज लॉन को सील करने पहुंची प्रयागराज विकास प्राधिकरण (पीडीए) की टीम को भारी विरोध का सामना करना पड़ा। इस दौरान मौके पर मौजूद लोगों ने सरकारी काम में बाधा उत्पन्न की और टीम के साथ अभद्रता की। घटना के बाद पीडीए अधिकारियों ने स्थानीय थाने में शिकायत दर्ज कराई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीडीए की टीम पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए झलवा पहुंची थी। जैसे ही टीम ने अमृत वाटिका को सील करने की प्रक्रिया शुरू की, वहां मौजूद कुछ लोगों ने इसका विरोध करना शुरू कर दिया। स्थिति देखते ही देखते तनावपूर्ण हो गई और वहां हंगामा मच गया।
सरकारी कर्मचारियों के साथ धक्का-मुक्की और गाली-गलौज
पीडीए के सुपरवाइजर ने अपनी शिकायत में गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने बताया कि जब टीम अपना कर्तव्य निभा रही थी, तब कुछ लोगों ने उनके साथ न केवल धक्का-मुक्की की, बल्कि सरकारी कार्य में बाधा भी डाली। आरोप है कि इस दौरान टीम के सदस्यों को जातिसूचक गालियां दी गईं और उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई।
इस घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सरकारी कर्मचारियों ने आरोप लगाया है कि उन्हें डराने-धमकाने का प्रयास किया गया ताकि वे अपनी कार्रवाई को बीच में ही रोक दें। विरोध करने वाले लोगों का व्यवहार काफी आक्रामक था, जिससे टीम को काफी मशक्कत करनी पड़ी।
भाकियू नेता समेत 100 अज्ञात लोगों पर एफआईआर
इस मामले में पुलिस ने पीडीए अधिकारियों की तहरीर पर त्वरित कार्रवाई की है। पुलिस ने भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के एक नेता को नामजद करते हुए कुल तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। इसके अलावा, भीड़ में शामिल करीब 100 अज्ञात लोगों को भी आरोपी बनाया गया है।
पुलिस ने संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी कार्य में बाधा डालने और कर्मचारियों के साथ बदसलूकी करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। घटना के वीडियो फुटेज और मौके पर मौजूद गवाहों के बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
प्रशासन की सख्ती और आगे की राह
प्रयागराज विकास प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि शहर में अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा। अमृत वाटिका को सील करने की कार्रवाई को लेकर प्रशासन पूरी तरह से गंभीर है। इस घटना के बाद से इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं, जिसके चलते भविष्य में ऐसी कार्रवाई के दौरान पुलिस बल की तैनाती बढ़ाने पर विचार किया जा रहा है।
फिलहाल, पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों की तलाश में जुटी है। नामजद किए गए लोगों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे सरकारी कार्यों में बाधा न डालें और कानून का पालन सुनिश्चित करें।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
