जींद को मिलेगी देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन की सौगात, 17 जुलाई को पीएम मोदी दिखाएंगे हरी झंडी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं इस ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

हरियाणा का जींद जिला जल्द ही भारतीय रेलवे के इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय लिखने जा रहा है। आगामी 17 जुलाई को देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन का शुभारंभ जींद से किया जाएगा। इस ऐतिहासिक अवसर के साक्षी बनने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं जींद पहुंचेंगे और ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। इस कार्यक्रम को लेकर स्थानीय प्रशासन और राजनीतिक गलियारों में तैयारियां जोरों पर हैं।
तैयारियों को लेकर प्रशासनिक हलचल तेज
प्रधानमंत्री के प्रस्तावित दौरे को देखते हुए सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। हाल ही में विधानसभा उपाध्यक्ष डॉ. कृष्ण मिड्ढा, पूर्व प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बडोली, राज्यसभा सदस्य संजय भाटिया और विधायक देवेंद्र अत्री ने कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान जिला उपायुक्त वैशाली और पुलिस अधीक्षक कुलदीप सिंह सहित तमाम प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने जनसभा स्थल और ट्रेन के रूट का जायजा लिया ताकि कार्यक्रम में किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो।
डॉ. कृष्ण मिड्ढा ने मीडिया से बातचीत करते हुए स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर सुरक्षा व्यवस्था, ट्रैफिक रूट और आम जनता के बैठने की व्यवस्था में किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रशासन इस आयोजन को सफल बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और जींद इस ऐतिहासिक पल के स्वागत के लिए तैयार है।
जींद के विकास के लिए एक नई शुरुआत
इस परियोजना को जींद के लिए एक बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है। डॉ. मिड्ढा ने कहा कि देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन का जींद से चलना यह साबित करता है कि वर्तमान सरकार के लिए इस क्षेत्र का विकास प्राथमिकता सूची में सबसे ऊपर है। उन्होंने विश्वास जताया कि इस पहल के बाद जींद के माथे पर लगा 'पिछड़ेपन' का ठप्पा हमेशा के लिए हट जाएगा।
राजनीतिक दृष्टिकोण से भी यह आयोजन काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सत्ता पक्ष का मानना है कि इस तरह के बड़े प्रोजेक्ट्स के आने से विपक्ष के पास सरकार की आलोचना करने के लिए कोई मुद्दा नहीं बचेगा। जींद को मिली यह सौगात न केवल तकनीकी प्रगति का प्रतीक है, बल्कि क्षेत्रीय विकास की दिशा में भी एक बड़ा कदम है।
पर्यावरण के अनुकूल भविष्य की ओर कदम
हाइड्रोजन ट्रेन का संचालन भारतीय रेलवे की हरित ऊर्जा की दिशा में एक बड़ी पहल है। यह ट्रेन पारंपरिक डीजल इंजनों के मुकाबले पर्यावरण के लिए काफी सुरक्षित और प्रदूषण मुक्त है। जींद से इसकी शुरुआत होने से न केवल स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, बल्कि यह क्षेत्र पूरे देश के लिए एक मॉडल के रूप में उभरेगा।
आगामी दिनों में कार्यक्रम स्थल का चयन अंतिम रूप से कर लिया जाएगा, जिसके बाद तैयारियों की गति और तेज हो जाएगी। स्थानीय निवासियों में भी इस बात को लेकर खासा उत्साह है कि उनका शहर देश की एक बड़ी तकनीकी क्रांति का केंद्र बनने जा रहा है। 17 जुलाई की तारीख अब जींद के विकास कैलेंडर में एक मील का पत्थर साबित होने वाली है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!