राजस्थान में अवैध हथियारों का बड़ा सप्लायर गिरफ्तार: यूपी से लाकर कई जिलों में करता था तस्करी
Khairthal-Tijara police arrest illegal arms supplier Anil Kumar alias Dungar. खैरथल-तिजारा जिले की मुण्डावर थाना पुलिस ने अवैध हथियारों के मुख्य सप्लायर अनिल कुमार उर्फ डूंगर (22) को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी उत्तर प्रदेश से हथियार खरीदकर राजस्थान के भरतपुर, अलवर और जयपुर सहित कई जिलों में उनकी आपूर्ति करता था।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

मुंडावर पुलिस की बड़ी कार्रवाई
खैरथल-तिजारा जिले की मुंडावर थाना पुलिस ने अवैध हथियारों की तस्करी करने वाले एक मुख्य आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। पकड़े गए आरोपी की पहचान अनिल कुमार उर्फ डूंगर (22) के रूप में हुई है, जो भरतपुर जिले के हिंगोटा (थाना खेड़ली मोड़) का रहने वाला है। पुलिस के अनुसार, आरोपी लंबे समय से उत्तर प्रदेश से अवैध हथियार खरीदकर राजस्थान के विभिन्न जिलों में सप्लाई करने का काम कर रहा था।
यह गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय के विशेष निर्देशों के तहत की गई। इस ऑपरेशन का पर्यवेक्षण अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जया सिंह और किशनगढ़बास के वृत्ताधिकारी लालसिंह यादव ने किया। थाना प्रभारी मोहर सिंह के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने जाल बिछाकर आरोपी को दबोचा। आरोपी के खिलाफ पहले से ही आर्म्स एक्ट सहित विभिन्न धाराओं में 12 आपराधिक मामले दर्ज हैं।
गैंगवार की साजिश और पुरानी कड़ियों का खुलासा
पुलिस की जांच में यह खुलासा हुआ है कि अनिल कुमार की गिरफ्तारी 24 मई 2026 को तिनकीरूड़ी बस स्टैंड पर हुई एक कार्रवाई की अगली कड़ी है। उस समय पुलिस ने एक स्विफ्ट कार (RJ-02-CJ-7222) से लोकेश प्रजापत को पकड़ा था, जिसके पास से दो अवैध 12 बोर के देशी कट्टे बरामद किए गए थे। पूछताछ में पता चला था कि लोकेश किसी गैंगवार की तैयारी में था और भारी मात्रा में हथियार जुटा रहा था।
इस मामले में पुलिस पहले ही मनोज कुमार उर्फ मन्नू (निवासी खुदनपुरी, अलवर) को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। अनिल कुमार की गिरफ्तारी के बाद इस पूरे नेटवर्क में अब तक कुल तीन आरोपी पुलिस की गिरफ्त में आ चुके हैं। पुलिस का मानना है कि इन हथियारों का उपयोग आपराधिक गतिविधियों और गैंग रंजिश को अंजाम देने के लिए किया जाना था।
सप्लाई चेन और नेटवर्क की जांच जारी
पुलिस अब अनिल कुमार से गहन पूछताछ कर रही है ताकि उसके पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जा सके। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपी उत्तर प्रदेश से हथियार लाकर राजस्थान के भरतपुर, अलवर और जयपुर सहित कई जिलों में सक्रिय अपराधियों को बेचता था। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि उत्तर प्रदेश में उसे हथियार कौन मुहैया कराता था।
इस महत्वपूर्ण कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में थाना प्रभारी मोहर सिंह के साथ सहायक उपनिरीक्षक रतनलाल, कांस्टेबल फूल सिंह और प्रेम कुमार शामिल थे। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की पहचान कर ली गई है और जल्द ही उनकी गिरफ्तारी भी सुनिश्चित की जाएगी।
क्षेत्र में अवैध हथियारों की तस्करी को रोकने के लिए पुलिस लगातार निगरानी बढ़ा रही है। इस गिरफ्तारी को अपराध नियंत्रण की दिशा में एक बड़ी सफलता माना जा रहा है, क्योंकि आरोपी के पकड़े जाने से राजस्थान के कई जिलों में हथियारों की सप्लाई चेन पर सीधा प्रहार हुआ है।
फिलहाल, पुलिस आरोपी से पूछताछ के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी कर रही है। आने वाले दिनों में इस मामले में और भी खुलासे होने की संभावना है, जिससे अवैध हथियारों के अंतर्राज्यीय नेटवर्क की कमर तोड़ी जा सकेगी।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
