बलरामपुर: परिवार के चार सदस्यों की मौत मामले में वीडियो से बड़ा खुलासा, दो लोगों पर FIR
Balrampur family death mystery, police investigation via video evidence. बलरामपुर में शुक्रवार की रात एक युवक उसकी पत्नी और दो बच्चों का खून से सना शव घर के अंदर मिले। मृतक बजरंगी गिरी के मोबाइल फोन से एक वीडियो मिलने के बाद पुलिस ने दो नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

उत्तर प्रदेश के बलरामपुर जिले में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां एक ही परिवार के चार सदस्यों के शव उनके घर के भीतर संदिग्ध परिस्थितियों में पाए गए। मृतकों में 28 वर्षीय बजरंगी गिरी, उनकी 25 वर्षीय पत्नी कोमल और उनके दो छोटे बच्चे शामिल हैं। घर के अंदर से खून से लथपथ शव मिलने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।
मोबाइल वीडियो से खुला आर्थिक विवाद का राज
पुलिस ने घटनास्थल से एक देशी कट्टा और कई खोखे बरामद किए हैं। शुरुआती जांच में पुलिस इसे पहले पत्नी और बच्चों की हत्या और फिर आत्महत्या का मामला मानकर आगे बढ़ रही है। जांच के दौरान मृतक बजरंगी गिरी के मोबाइल फोन से एक वीडियो बरामद हुआ है, जिसने मामले को एक नया मोड़ दे दिया है। इस वीडियो के आधार पर पुलिस ने दो नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
परिजनों के अनुसार, वीडियो में बजरंगी गिरी ने अपनी मौत के लिए दद्दन गिरी और चंद्रभान गिरी को जिम्मेदार ठहराया है। मृतक के भाई का दावा है कि वीडियो में बजरंगी ने स्पष्ट रूप से कहा है कि उसके 29 लाख रुपये इन लोगों के पास बकाया थे, जिसे लौटाने से वे इनकार कर रहे थे। इसी आर्थिक दबाव और मानसिक प्रताड़ना के चलते उसने यह खौफनाक कदम उठाया।
परिजनों की सीसीटीवी फुटेज की मांग
मृतक के परिजनों ने पुलिस से मांग की है कि घटना से पहले की गतिविधियों की जांच के लिए स्थानीय दुकान पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को खंगाला जाए। परिजनों का कहना है कि बजरंगी घटना के दिन भी आरोपियों की दुकान पर गया था। सीसीटीवी फुटेज से यह स्पष्ट हो सकेगा कि उस दिन वहां क्या हुआ था और किन परिस्थितियों में उसे यह कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ा।
बजरंगी के बड़े भाई मेवा राम गिरी ने बताया कि परिवार को अभी तक पूरा वीडियो नहीं दिखाया गया है। उन्होंने मांग की है कि पुलिस मोबाइल में मिले वीडियो को परिजनों के सामने स्पष्ट करे ताकि सच्चाई सामने आ सके। परिवार का कहना है कि वे इस मामले में पूरी पारदर्शिता चाहते हैं ताकि दोषियों को कड़ी सजा मिल सके।
पुलिस की जांच और फोरेंसिक साक्ष्य
पुलिस अधीक्षक विकास कुमार ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से सभी जरूरी सबूत जुटा लिए हैं। चारों शवों का पोस्टमॉर्टम तीन डॉक्टरों के पैनल द्वारा कराया जा रहा है ताकि मौत के कारणों की सटीक पुष्टि हो सके। पुलिस अब कॉल डिटेल, आर्थिक लेन-देन के रिकॉर्ड और वीडियो साक्ष्यों का मिलान कर रही है।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भी पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें हर संभव मदद का आश्वासन दिया है। पुलिस का कहना है कि अभी जांच जारी है और किसी भी अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। आरोपियों की भूमिका की गहन जांच की जा रही है और जल्द ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
