मतदाता सूची से नाम काटने पर उत्तराखंड कांग्रेस का विरोध, दिल्ली में चुनाव आयोग के बाहर किया प्रदर्शन
उत्तराखंड में एसआईआर को लेकर सियासी घमासान अब दिल्ली तक पहुंच गया है। मुख्य चुनाव आयुक्त से मुलाकात का समय नहीं मिलने से नाराज उत्तराखंड कांग्रेस के शीर्ष नेता गुरुवार को दिल्ली स्थित चुनाव आयोग के गेट के बाहर धरने पर बैठ गए।

मुश्ताक अहमद खान
Editor In Chief

चुनाव आयोग के दफ्तर पर कांग्रेस का प्रदर्शन
उत्तराखंड में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर उपजा विवाद अब राष्ट्रीय राजधानी तक पहुंच गया है। प्रदेश में मतदाताओं के नाम सूची से हटाए जाने की प्रक्रिया के विरोध में उत्तराखंड कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने नई दिल्ली स्थित चुनाव आयोग कार्यालय के बाहर धरना दिया। पार्टी का आरोप है कि राज्य में सुनियोजित तरीके से बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम काटे जा रहे हैं, जिससे लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल के नेतृत्व में पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य चुनाव आयुक्त से मिलने का समय मांगा था। हालांकि, समय न मिलने से नाराज नेताओं ने आयोग के गेट के बाहर ही प्रदर्शन शुरू कर दिया। करीब एक घंटे तक चले इस विरोध प्रदर्शन के बाद चुनाव आयोग के सचिव स्तर के एक अधिकारी ने बाहर आकर कांग्रेस का ज्ञापन और संबंधित दस्तावेज स्वीकार किए।
कांग्रेस ने लगाए गंभीर आरोप
कांग्रेस ने अपनी शिकायत में दावा किया है कि मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए एक ही व्यक्ति द्वारा सैकड़ों आपत्तियां दर्ज कराई जा रही हैं। गणेश गोदियाल का कहना है कि एक-एक व्यक्ति की ओर से 100 से लेकर 500 तक नाम हटाने के प्रस्ताव दिए जा रहे हैं, जिन्हें आयोग के स्थानीय अधिकारी बिना उचित सत्यापन के स्वीकार कर रहे हैं। पार्टी ने आरोप लगाया कि जिन लोगों के नाम काटने के प्रस्ताव दिए गए, उनमें से कई लोग मौके पर मौजूद ही नहीं मिले, जिससे पूरी प्रक्रिया की पारदर्शिता संदिग्ध हो गई है।
पार्टी ने यह भी दावा किया कि कई मामलों में जिन व्यक्तियों के नाम से आपत्तियां दर्ज की गईं, उन्होंने स्वयं शपथपत्र देकर कहा है कि उन्होंने किसी का नाम कटवाने के लिए कोई आवेदन ही नहीं दिया था। कांग्रेस ने ऐसे शपथपत्रों को भी चुनाव आयोग के समक्ष साक्ष्य के रूप में प्रस्तुत किया है। पार्टी का कहना है कि राज्य स्तर पर बार-बार शिकायत करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, जिसके कारण उन्हें दिल्ली का रुख करना पड़ा।
देहरादून में होगी अगली बैठक
दिल्ली में हुए इस प्रदर्शन के बाद उत्तराखंड के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने कांग्रेस को बातचीत के लिए आमंत्रित किया है। निर्वाचन कार्यालय ने प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल को पत्र भेजकर शुक्रवार को देहरादून में बैठक के लिए बुलाया है। इस बैठक में कांग्रेस अपने पास मौजूद सभी दस्तावेज और सबूत अधिकारियों के सामने रखेगी ताकि मतदाता सूची में हो रही कथित धांधली को रोका जा सके।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रीतम सिंह, हरक सिंह रावत, काजी निजामुद्दीन, करण माहरा, यशपाल आर्य, गुरदीप सिंह सप्पल और उत्तराखंड कांग्रेस प्रभारी कुमारी सैलजा उपस्थित रहे। पार्टी नेताओं का कहना है कि वे इस मामले को तब तक उठाएंगे जब तक कि मतदाता सूची को पूरी तरह से त्रुटिहीन नहीं बना दिया जाता। अब सबकी निगाहें देहरादून में होने वाली बैठक पर टिकी हैं, जहां यह तय होगा कि चुनाव आयोग इन शिकायतों पर क्या रुख अपनाता है।

Editor In Chief
मुश्ताक अहमद खान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!