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बालाघाट में छात्र की खुदकुशी से सनसनी, 10 दिनों में दूसरी घटना

उत्कृष्ट स्कूल के कक्षा 11वीं के छात्र सुमित पटले ने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सोमवार को जिला अस्पताल में उसके शव का पोस्टमार्टम कराया गया।

मोहम्मद फ़ैज़ान

मोहम्मद फ़ैज़ान

संपादक

6 जुलाई 20263 मिनट पढ़ें
बालाघाट में छात्र की खुदकुशी से सनसनी, 10 दिनों में दूसरी घटना
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मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले में छात्र की आत्महत्या का एक और दुखद मामला सामने आया है। कोतवाली थाना क्षेत्र के सरस्वती नगर में 11वीं कक्षा के एक छात्र ने अपने घर में फांसी लगाकर जीवन लीला समाप्त कर ली। मृतक की पहचान सुमित पटले के रूप में हुई है, जो उत्कृष्ट स्कूल का छात्र था। इस घटना के बाद से स्थानीय क्षेत्र में शोक की लहर है और प्रशासन के सामने छात्रों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

ट्यूशन से लौटने के बाद उठाया आत्मघाती कदम

प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुमित मूल रूप से परसवाड़ा के बघोली का रहने वाला था और वर्तमान में अपने परिवार के साथ बालाघाट में रह रहा था। सोमवार सुबह करीब 10:30 बजे वह अपनी ट्यूशन से घर लौटा था। उस समय घर पर कोई नहीं था; उसकी मां काम पर गई हुई थीं और भाई भी बाहर गया था। सुमित ने घर पहुंचकर दरवाजा बंद कर लिया और पंखे से चुनरी बांधकर फांसी लगा ली।

जब काफी देर तक सुमित ने फोन का जवाब नहीं दिया, तो उसकी मां को चिंता हुई और वह घर पहुंची। घर का दरवाजा खुला होने पर जब वह अंदर गई, तो बेटे को फंदे पर लटका देख सन्न रह गईं। मां के शोर मचाने पर आसपास के लोग और मकान मालिक मौके पर पहुंचे, जिसके बाद उसे तुरंत जिला अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।

10 दिनों में दूसरी घटना से बढ़ी चिंता

बालाघाट में पिछले 10 दिनों के भीतर यह दूसरी ऐसी घटना है, जिसने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया है। इससे पहले 27 जून को कोतवाली थाना क्षेत्र के ही ढिमरटोला स्थित पीएम आवास कॉलोनी में 15 वर्षीय छात्र यूनिक उर्फ साहिल ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। वह सांदीपनी स्कूल का छात्र था और नौवीं कक्षा की सप्लीमेंट्री परीक्षा में फेल होने के कारण तनाव में था।

लगातार हो रही इन घटनाओं ने अभिभावकों और शिक्षाविदों की चिंता बढ़ा दी है। पुलिस प्रशासन ने दोनों ही मामलों में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। सुमित के मामले में अस्पताल चौकी पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई पूरी करने के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया और उसे परिजनों को सौंप दिया है। अब कोतवाली पुलिस मामले के कारणों की गहराई से जांच कर रही है।

पुलिस जांच और आगे की कार्रवाई

पुलिस के अनुसार, सुमित के आत्महत्या करने के पीछे के स्पष्ट कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। पुलिस परिजनों और उसके दोस्तों से पूछताछ कर रही है ताकि यह समझा जा सके कि क्या वह किसी मानसिक दबाव या अन्य समस्या से जूझ रहा था। मर्ग डायरी को कोतवाली थाना स्थानांतरित किया जा रहा है, जहां से मामले की विस्तृत विवेचना की जाएगी।

इस दुखद घटना ने एक बार फिर छात्रों के मानसिक स्वास्थ्य और उनके द्वारा उठाए जा रहे आत्मघाती कदमों पर बहस छेड़ दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि पढ़ाई का दबाव, पारिवारिक उम्मीदें और व्यक्तिगत समस्याएं छात्रों को ऐसे गलत निर्णय लेने पर मजबूर कर रही हैं। स्थानीय प्रशासन और स्कूलों को अब छात्रों की काउंसलिंग और उनकी समस्याओं को सुनने के लिए अधिक सक्रिय होने की आवश्यकता है।

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टिप्पणियाँ (2)

  • अ
    अमित कुमार2 घंटे पहले

    बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।

  • स
    सपना ठाकुर4 घंटे पहले

    ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!

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