ब्रेकिंग
अंबाला में निर्माणाधीन इमारत ढही: लेंटर डालते समय हुआ हादसा, 4 मजदूरों की दर्दनाक मौतगोरखपुर: सोशल मीडिया पर व्यूज पाने के लिए बनाया पुलिसकर्मी को पीटने का फर्जी वीडियो, दो गिरफ्तारभोपाल में आम आदमी पार्टी का शक्ति प्रदर्शन: भाजपा के 20 साल के शासन को बताया विफलपटना में गैराज मालिक की निर्मम हत्या, देर रात दुकान से लौटते वक्त बदमाशों ने बरसाईं गोलियांगर्लफ्रेंड से मिलने रायगढ़ आया युवक बना बाइक चोर, पेट्रोल खत्म होने पर वाहन छोड़ हो जाता था फरारमुरादाबाद में खूंखार तेंदुए का आतंक: वन विभाग के जाल में फंसा 20वां तेंदुआ, ग्रामीणों ने ली राहत की सांसचंडीगढ़ में नशा तस्करों पर प्रशासन का कड़ा प्रहार, अवैध संपत्तियों पर चला बुलडोजरपंचकूला में साइबर ठगी का नया तरीका: बिना OTP और लिंक के महिला के खाते से उड़े 4.86 लाख रुपये
अंबाला में निर्माणाधीन इमारत ढही: लेंटर डालते समय हुआ हादसा, 4 मजदूरों की दर्दनाक मौतगोरखपुर: सोशल मीडिया पर व्यूज पाने के लिए बनाया पुलिसकर्मी को पीटने का फर्जी वीडियो, दो गिरफ्तारभोपाल में आम आदमी पार्टी का शक्ति प्रदर्शन: भाजपा के 20 साल के शासन को बताया विफलपटना में गैराज मालिक की निर्मम हत्या, देर रात दुकान से लौटते वक्त बदमाशों ने बरसाईं गोलियांगर्लफ्रेंड से मिलने रायगढ़ आया युवक बना बाइक चोर, पेट्रोल खत्म होने पर वाहन छोड़ हो जाता था फरारमुरादाबाद में खूंखार तेंदुए का आतंक: वन विभाग के जाल में फंसा 20वां तेंदुआ, ग्रामीणों ने ली राहत की सांसचंडीगढ़ में नशा तस्करों पर प्रशासन का कड़ा प्रहार, अवैध संपत्तियों पर चला बुलडोजरपंचकूला में साइबर ठगी का नया तरीका: बिना OTP और लिंक के महिला के खाते से उड़े 4.86 लाख रुपये

सोनीपत: मेडिकल कॉलेज से एक्स-रे फिल्म चोरी का मामला, सीसीटीवी में कैद हुई करतूत

सोनीपत के गोहाना के भगत फूल सिंह महिला मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल में एक्स-रे फिल्मों के बंडल चोरी कर बाहर ले जाने का मामला सामने आया है। 2 सितंबर को अस्पताल के पीछे की तरफ कार में एक्स-रे फिल्मों के बंडल रख रहे तीन लोगों को सुरक्षा कर्मियों ने पकड़ लिया।

मोहम्मद फ़ैज़ान

मोहम्मद फ़ैज़ान

संपादक

13 सितंबर 20262 मिनट पढ़ें
सोनीपत: मेडिकल कॉलेज से एक्स-रे फिल्म चोरी का मामला, सीसीटीवी में कैद हुई करतूत
मूल स्रोत

मेडिकल कॉलेज में एक्स-रे फिल्मों की चोरी का खुलासा

सोनीपत के गोहाना स्थित भगत फूल सिंह महिला मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल में एक्स-रे फिल्मों की चोरी का एक गंभीर मामला सामने आया है। अस्पताल परिसर से एक्स-रे फिल्मों के बंडल चोरी कर बाहर ले जाते हुए चार लोगों को देखा गया है। यह घटना 2 सितंबर की है, जब सुरक्षा कर्मियों ने अस्पताल के पिछले हिस्से में संदिग्ध गतिविधियों को अंजाम देते हुए कुछ लोगों को रंगे हाथों पकड़ा।

घटना के समय तीन व्यक्ति एक कार में एक्स-रे फिल्मों के बंडल रख रहे थे। सुरक्षा कर्मियों की सतर्कता के कारण एक बंडल बरामद कर लिया गया, जबकि अन्य बंडल भी तैयार किए गए थे। इस पूरे घटनाक्रम का सीसीटीवी फुटेज सामने आया है, जिसमें स्पष्ट रूप से चार लोगों की संलिप्तता दिखाई दे रही है। फुटेज में वे बारी-बारी से फिल्मों के बंडल कमरे से बाहर निकालते और कार में लोड करते नजर आ रहे हैं।

सीसीटीवी फुटेज में कैद हुई साजिश

सामने आए सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, लगभग 30 मिनट के दौरान चार बार फिल्मों के कट्टे और बैग कमरे से बाहर लाए गए। फुटेज में दिख रहा है कि एक व्यक्ति गैलरी में निगरानी कर रहा था, ताकि किसी अधिकारी के आने पर सतर्क किया जा सके। कमरे के अंदर फिल्मों को व्यवस्थित तरीके से बंडलों में बांधा गया और फिर उन्हें बाहर ले जाया गया। इस दौरान आरोपी बार-बार इधर-उधर देखते हुए संदिग्ध हरकतें करते दिखे।

स्थानीय स्तर पर यह आरोप भी लगाए जा रहे हैं कि मरीजों को एक्स-रे फिल्म देने के बजाय उन्हें मोबाइल पर फोटो उपलब्ध कराई जा रही थी। पूर्व भाजपा जिला उपाध्यक्ष बलराम कौशिक ने सोशल मीडिया के माध्यम से इस व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि अस्पताल में फिल्मों की कमी का बहाना बनाकर उन्हें बाहर रद्दी के भाव बेचा जा रहा था, जिससे हर महीने हजारों रुपये का अवैध मुनाफा कमाया जा रहा था।

रेडियोग्राफर निलंबित, पुलिस कार्रवाई का इंतजार

घटना के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने मामले की जांच के लिए अतिरिक्त निदेशक को नियुक्त किया। जांच में रेडियोग्राफर रणबीर दलाल की भूमिका संदिग्ध पाई गई, जिसके आधार पर उसे तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। कॉलेज के निदेशक डॉ. जगदीश चंद्र दुरेजा ने पुष्टि की है कि जांच अभी जारी है। हालांकि, इस चोरी के मामले में अब तक पुलिस में कोई औपचारिक एफआईआर दर्ज नहीं कराई गई है।

यह मामला केवल 2 सितंबर तक सीमित नहीं है, बल्कि लंबे समय से एक्स-रे फिल्मों के गायब होने की आशंका जताई जा रही है। जांच का मुख्य विषय यह है कि क्या यह गिरोह लंबे समय से सक्रिय था और इसके पीछे कौन-कौन से अन्य कर्मचारी या बाहरी लोग शामिल हैं। फिलहाल, अस्पताल प्रशासन ने मामले की आंतरिक जांच को प्राथमिकता दी है, जबकि पुलिस कार्रवाई को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है।

SponsoredMushfan Digital Studios - We Build Brands. We Grow Businesses.

टिप्पणियाँ (2)

  • अ
    अमित कुमार2 घंटे पहले

    बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।

  • स
    सपना ठाकुर4 घंटे पहले

    ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!

संबंधित खबरें