राजस्थान के 273 शहरी निकायों में आज होगा अध्यक्षों का चुनाव, बाड़ेबंदी के बीच क्रॉस वोटिंग का डर
प्रदेश के 273 शहरी निकायों में आज अध्यक्ष के चुनाव के बाद नतीजे आएंगे। 5 नगर निगम के मेयर, 41 नगर परिषद सभापति और 227 नगरपालिका अध्यक्षों के पदों पर पार्षद वोटिंग करेंगे।

मोहम्मद नवेद
एडिटर

राजस्थान के शहरी निकायों में आज फैसला
राजस्थान के शहरी निकायों में नेतृत्व चुनने की प्रक्रिया आज संपन्न होगी। प्रदेश के 273 शहरी निकायों में मेयर, सभापति और अध्यक्ष पद के लिए मतदान का आयोजन किया गया है। इन चुनावों के माध्यम से नगर निगमों, नगर परिषदों और नगरपालिकाओं के प्रमुखों का चयन किया जाएगा। मतदान प्रक्रिया सुबह 10 बजे से शुरू होकर दोपहर 2 बजे तक चलेगी, जिसके तुरंत बाद मतगणना की जाएगी और शाम तक परिणाम सामने आने की उम्मीद है।
प्रदेश में कुल 309 शहरी निकाय हैं, जिनमें से 32 निकायों में पहले ही निर्विरोध चुनाव संपन्न हो चुके हैं। इनमें भरतपुर और भीलवाड़ा नगर निगम के मेयर के साथ-साथ 6 नगर परिषद सभापति और 24 नगरपालिका अध्यक्ष शामिल हैं। शेष निकायों में से चार स्थानों पर चुनाव 25 सितंबर को निर्धारित हैं, जिसके चलते आज कुल 273 स्थानों पर ही मतदान हो रहा है।
बाड़ेबंदी और क्रॉस वोटिंग की चुनौती
चुनावों के मद्देनजर राजनीतिक दलों ने अपने पार्षदों को सुरक्षित रखने के लिए बाड़ेबंदी का सहारा लिया है। कांग्रेस और बीजेपी दोनों ही प्रमुख दलों ने अपने पार्षदों को अलग-अलग स्थानों पर रखा है। मतदान के समय पार्षदों को सीधे बाड़ेबंदी से मतदान केंद्रों तक लाया जाएगा और प्रक्रिया पूरी होने के बाद उन्हें वापस सुरक्षित स्थानों पर भेज दिया जाएगा। यह बाड़ेबंदी अगले दिन होने वाले डिप्टी मेयर और उपाध्यक्षों के चुनाव तक जारी रहने की संभावना है।
बाड़ेबंदी के बावजूद दोनों ही प्रमुख दलों के भीतर क्रॉस वोटिंग का डर बना हुआ है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि भितरघात की संभावना को पूरी तरह से नकारा नहीं जा सकता, जिसके कारण कई निकायों में चौंकाने वाले परिणाम सामने आ सकते हैं। अब तक के आंकड़ों के अनुसार, बीजेपी ने 29 निकायों में निर्विरोध जीत दर्ज की है, जबकि कांग्रेस और निर्दलीय उम्मीदवारों ने भी कुछ स्थानों पर निर्विरोध जीत हासिल की है।
कल होगा उपाध्यक्षों का चुनाव
आज के अध्यक्षीय चुनावों के बाद, मंगलवार को प्रदेश के 305 शहरी निकायों में उपाध्यक्ष, उपसभापति और डिप्टी मेयर के पदों के लिए मतदान होगा। इस प्रक्रिया में 6 नगर निगमों के डिप्टी मेयर, 47 नगर परिषदों के उपसभापति और 251 नगरपालिकाओं के उपाध्यक्ष चुने जाएंगे। इन चुनावों के लिए भी मतदान का समय सुबह 10 बजे से दोपहर 2:30 बजे तक तय किया गया है।
प्रशासन ने मतदान और मतगणना के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की है। सभी निकायों में पार्षदों की बैठक के दौरान कड़ी निगरानी रखी जाएगी ताकि चुनाव प्रक्रिया निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके। स्थानीय प्रशासन ने सभी संबंधित अधिकारियों को मतगणना के तुरंत बाद परिणामों की घोषणा करने के निर्देश दिए हैं।
इस चुनाव परिणाम का असर स्थानीय राजनीति पर गहरा पड़ेगा, क्योंकि शहरी निकायों के प्रमुखों का चयन सीधे तौर पर जनता की बुनियादी समस्याओं और विकास कार्यों से जुड़ा होता है। राजनीतिक दलों के लिए यह चुनाव अपनी साख बचाने और वर्चस्व कायम रखने की बड़ी परीक्षा माना जा रहा है।
आज शाम तक स्पष्ट हो जाएगा कि किस निकाय में किस दल का कब्जा होगा। बाड़ेबंदी की राजनीति और क्रॉस वोटिंग की आशंकाओं के बीच, यह चुनाव राजस्थान के शहरी विकास के भविष्य की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

एडिटर
मोहम्मद नवेद
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!