पटना में छात्रों का 'न्याय सत्याग्रह': TRE-4 नोटिफिकेशन की मांग को लेकर सरकार को 24 घंटे का अल्टीमेटम
पटना के गर्दनीबाग धरनास्थल पर आज से छात्र न्याय सत्याग्रह की शुरुआत होने जा रही है। छात्र नेता दिलीप कुमार के नेतृत्व में बड़ी संख्या में छात्र दोपहर 12 बजे से अनिश्चितकालीन आंदोलन पर बैठेंगे।

मोहम्मद नवेद
एडिटर

गर्दनीबाग में छात्रों का अनिश्चितकालीन धरना शुरू
पटना के गर्दनीबाग धरना स्थल पर आज से 'छात्र न्याय सत्याग्रह' का आगाज हो गया है। छात्र नेता दिलीप कुमार के नेतृत्व में बड़ी संख्या में अभ्यर्थी एकत्रित हुए हैं और सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। प्रदर्शनकारी छात्र TRE-4 का नोटिफिकेशन तत्काल जारी करने की मांग कर रहे हैं। आंदोलन की शुरुआत राष्ट्रगान, वंदे मातरम और रघुपति राघव राजा राम के भजनों के साथ की गई।
प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि वे अब और आश्वासन नहीं सुनेंगे। छात्रों ने शिक्षा मंत्री पर निशाना साधते हुए उन्हें 'मिस्टेक तिवारी' करार दिया है। उनका आरोप है कि शिक्षा मंत्री ने नोटिफिकेशन जारी न होने पर इस्तीफा देने की बात कही थी, जिसे अब पूरा किया जाना चाहिए। छात्रों ने स्पष्ट कर दिया है कि उन्हें लॉलीपॉप नहीं, बल्कि ठोस परिणाम चाहिए।
24 घंटे का अल्टीमेटम और घेराव की चेतावनी
छात्र नेता दिलीप कुमार ने सरकार को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि अगले 24 घंटों के भीतर TRE-4 का नोटिफिकेशन जारी नहीं किया गया, तो छात्र शिक्षा मंत्री के आवास का घेराव करेंगे। छात्रों का तर्क है कि पूर्व शिक्षा मंत्री भी इसी तरह के वादे करते रहे, लेकिन नोटिफिकेशन जारी नहीं हुआ, जिससे लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में लटका है।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने बीपीएससी की परीक्षा प्रक्रिया में बदलाव पर भी आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि TRE-4 में पीटी और मेन्स लागू करने के बजाय इसे TRE-5 से लागू किया जाना चाहिए, क्योंकि वर्तमान भर्ती प्रक्रिया में पहले ही काफी विलंब हो चुका है। छात्रों का मानना है कि बार-बार परीक्षा पैटर्न बदलने से तैयारी कर रहे युवाओं पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है।
राजनीतिक सरगर्मी और चिराग पासवान की चिट्ठी
छात्रों के इस प्रदर्शन के बीच राजनीतिक हलचल भी तेज हो गई है। केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को पत्र लिखकर असिस्टेंट प्रोफेसर बहाली में गेस्ट टीचर्स को प्राथमिकता देने समेत सात प्रमुख मांगें रखी हैं। वहीं, राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने भी सोशल मीडिया के जरिए सरकार पर निशाना साधा है और 19 अगस्त को पटना में छात्रों के समर्थन में एकजुट होने का आह्वान किया है।
दूसरी ओर, जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने कहा है कि आंदोलन करना छात्रों का लोकतांत्रिक अधिकार है। उन्होंने आश्वासन दिया कि सरकार छात्रों की समस्याओं के प्रति संवेदनशील है और बिहार में अब तक हुई नियुक्तियों का रिकॉर्ड इस बात का प्रमाण है कि सरकार रोजगार के प्रति गंभीर है। पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश ने भी कहा कि सरकार छात्रों की मांगों पर विचार कर रही है।
आगे की राह
आगामी बुधवार को तेजस्वी यादव द्वारा छात्रों की मांगों को लेकर राजभवन मार्च का भी कार्यक्रम है। पटना में बढ़ते इस विरोध प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन सतर्क है। अब देखना यह होगा कि सरकार अगले 24 घंटों में नोटिफिकेशन को लेकर क्या रुख अपनाती है और क्या छात्रों का यह सत्याग्रह किसी ठोस समाधान तक पहुंच पाता है।

एडिटर
मोहम्मद नवेद
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!