पटना में सड़क हादसे के बाद भड़की हिंसा: 10 वाहनों को फूंका, घंटों तक चला उपद्रव
Patna road accident leads to violent protests, buses torched and traffic post vandalized. एक तेज रफ्तार बस की चपेट में आने से युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जिसके बाद गुस्साए लोगों ने उस बस में आग लगा दी। गुस्साई भीड़ ने 2 पुलिस गाड़ियों, बसों और बाइक समेत करीब 10 वाहनों में आग लगा दी।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

सड़क हादसे के बाद पटना में हिंसक प्रदर्शन
बिहार की राजधानी पटना में एक दर्दनाक सड़क हादसे के बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई। एक तेज रफ्तार बस की चपेट में आने से एक युवक की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। इस घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने कानून अपने हाथ में लेते हुए जमकर बवाल काटा। भीड़ ने न केवल बस को आग के हवाले कर दिया, बल्कि आसपास मौजूद अन्य वाहनों को भी अपना निशाना बनाया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवक की मौत के बाद आक्रोशित भीड़ ने उग्र रूप धारण कर लिया। देखते ही देखते करीब 10 वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया, जिनमें बसें, बाइक और पुलिस की गाड़ियां शामिल थीं। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि प्रदर्शनकारियों ने एक पुलिस पोस्ट में भी तोड़फोड़ कर आग लगा दी। इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और यातायात पूरी तरह बाधित हो गया।
सात घंटे तक चला उपद्रव, पुलिस को करना पड़ा बल प्रयोग
यह हंगामा करीब सात घंटे तक जारी रहा। जब दमकल विभाग की गाड़ियां आग बुझाने के लिए मौके पर पहुंचीं, तो प्रदर्शनकारियों ने उन्हें भी खदेड़ दिया, जिससे आग पर काबू पाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। उपद्रवियों की भीड़ को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन को अतिरिक्त पुलिस बल बुलाना पड़ा। स्थिति को संभालने के लिए नौ थानों की पुलिस को मौके पर तैनात किया गया।
पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच काफी देर तक तनातनी बनी रही। पुलिस ने लाठीचार्ज और अन्य तरीकों से भीड़ को खदेड़कर स्थिति को काबू में किया। इस दौरान इलाके में भारी पुलिस बल की तैनाती की गई ताकि दोबारा कोई अप्रिय घटना न हो। पुलिस ने उपद्रवियों की पहचान करने और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
प्रशासन की कार्रवाई और वर्तमान स्थिति
घटना के बाद जली हुई गाड़ियों को क्रेन की मदद से सड़क से हटाया गया ताकि यातायात को सुचारू रूप से बहाल किया जा सके। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। फिलहाल इलाके में तनावपूर्ण शांति है और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
सड़क सुरक्षा के नियमों की अनदेखी और तेज रफ्तार वाहनों के कारण हो रहे हादसों ने एक बार फिर स्थानीय लोगों के आक्रोश को जन्म दिया है। इस घटना ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण के तरीकों पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस अब इस मामले में शामिल उपद्रवियों की तलाश में जुटी है।
मृतक युवक के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है। स्थानीय प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि हादसे के लिए जिम्मेदार बस चालक और उपद्रव करने वाले लोगों के खिलाफ कानून के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
