छात्र संघ चुनाव पर NSUI का अल्टीमेटम: सरकार को दी बड़े आंदोलन की चेतावनी
मध्यप्रदेश में आगामी छात्र संघ चुनाव को लेकर एनएसयूआई ने राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है। संगठन के प्रदेश अध्यक्ष आशुतोष चौकसे गुरुवार को शाजापुर पहुंचे, जहां उन्होंने कार्यकर्ताओं की बैठक लेकर रणनीतिक चर्चा की और पंडित बालकृष्ण शर्मा नवीन महाविद्यालय का दौरा कर छात्र सुविधाओं का मुद्दा उठाया।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

शाजापुर में NSUI प्रदेश अध्यक्ष का कड़ा रुख
मध्य प्रदेश में छात्र संघ चुनावों की सुगबुगाहट के बीच एनएसयूआई ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। संगठन के प्रदेश अध्यक्ष आशुतोष चौकसे ने शाजापुर का दौरा किया और स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि चुनाव प्रत्यक्ष प्रणाली से नहीं कराए गए, तो छात्र संगठन सड़कों पर उतरकर उग्र प्रदर्शन करेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार युवाओं के बढ़ते प्रभाव से घबरा रही है और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को बाधित करने का प्रयास कर रही है।
शाजापुर स्थित पंडित बालकृष्ण शर्मा नवीन महाविद्यालय के निरीक्षण के दौरान चौकसे ने शैक्षणिक परिसरों की बदहाल स्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कॉलेज में पेयजल की कमी और पुस्तकालय की अव्यवस्थाओं पर नाराजगी जाहिर की। इसके अलावा, उन्होंने प्राचार्य कक्ष में लगी राजनीतिक हस्तियों की तस्वीरों पर आपत्ति जताते हुए कहा कि शिक्षण संस्थानों में केवल उन महापुरुषों के चित्र होने चाहिए जिन्होंने राष्ट्र निर्माण में अमूल्य योगदान दिया है।
प्रत्यक्ष चुनाव की मांग और कानूनी कार्रवाई की चेतावनी
आशुतोष चौकसे ने मीडिया से बातचीत में कहा कि एनएसयूआई हाई कोर्ट के निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि वह अप्रत्यक्ष चुनाव कराने की साजिश रच रही है ताकि छात्रों की आवाज को दबाया जा सके। चौकसे ने चेतावनी दी कि यदि प्रत्यक्ष प्रणाली से चुनाव नहीं हुए, तो संगठन न केवल सड़कों पर उतरेगा, बल्कि अदालत की अवमानना के तहत कानूनी कार्रवाई भी करेगा।
संगठन के प्रदेश अध्यक्ष ने राज्य के शैक्षणिक संस्थानों में आरएसएस के हस्तक्षेप का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए कि वे सभी कॉलेजों में समाज के हर वर्ग और महिला प्रतिनिधियों को शामिल करते हुए संभावित उम्मीदवारों की सूची तैयार करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रशासन द्वारा दर्ज कराए जा रहे मुकदमों से कार्यकर्ता डरने वाले नहीं हैं और छात्र हितों की लड़ाई जारी रहेगी।
ABVP पर निशाना और सदस्यता अभियान
एनएसयूआई अध्यक्ष ने अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) पर तीखा हमला करते हुए चंदा वसूली के आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि एबीवीपी पर्चियों के माध्यम से चंदा इकट्ठा कर सदस्यता अभियान चला रही है, जो छात्र राजनीति की शुचिता के खिलाफ है। उन्होंने राम मंदिर चंदे से जुड़े विवादों का उल्लेख करते हुए एबीवीपी की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।
इसके विपरीत, चौकसे ने दावा किया कि एनएसयूआई पूरी तरह से निशुल्क सदस्यता अभियान चला रही है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक विद्यार्थियों को संगठन से जोड़ें और उन्हें छात्र अधिकारों के प्रति जागरूक करें। उन्होंने बेरछा थाने में दर्ज प्राथमिकियों का जिक्र करते हुए कहा कि प्रशासन का दबाव एनएसयूआई के हौसलों को पस्त नहीं कर सकता।
आगे की रणनीति
आगामी दिनों में एनएसयूआई प्रदेश भर में अपनी सक्रियता बढ़ाने की तैयारी में है। आशुतोष चौकसे के दौरे ने शाजापुर सहित पूरे राज्य के एनएसयूआई कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा का संचार किया है। अब देखना यह होगा कि सरकार छात्र संघ चुनावों को लेकर क्या रुख अपनाती है और क्या एनएसयूआई की प्रत्यक्ष चुनाव की मांग को स्वीकार किया जाता है या फिर प्रदेश में छात्र आंदोलन का नया दौर शुरू होता है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!