मुरैना में MCX कारोबार के लेनदेन को लेकर खूनी संघर्ष, घर पर हमला और फायरिंग में तीन घायल
जिले के रिठोरा थाना क्षेत्र के बुरवाली गांव में MCX के पैसों के लेनदेन को लेकर विवाद में घर पर हमला और फायरिंग का मामला सामने आया है। आरोप है कि करीब 15 से 20 लोग हथियारों के साथ कल्याण सिंह गुर्जर के घर पहुंचे।

मुश्ताक अहमद खान
Editor In Chief

मध्य प्रदेश के मुरैना जिले के रिठोरा थाना क्षेत्र के बुरवाली गांव में पैसों के लेनदेन को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। यहां MCX कारोबार से जुड़े एक पुराने विवाद के चलते कुछ लोगों ने एक घर पर हमला कर दिया और ताबड़तोड़ फायरिंग की। इस घटना में तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जिन्हें उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
क्या है पूरा मामला और कैसे हुई वारदात
मिली जानकारी के अनुसार, गिरगांव निवासी रामेन्द्र सिंह गुर्जर, विक्की गुर्जर, विश्वनाथ गुर्जर और शिवनाथ गुर्जर समेत करीब 15 से 20 लोग हथियारों से लैस होकर बुरवाली गांव स्थित कल्याण सिंह गुर्जर के घर पहुंचे। आरोप है कि वहां पहुंचते ही आरोपियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी। जब पीड़ित पक्ष ने इसका विरोध किया, तो हमलावरों ने अंधाधुंध गोलियां चलानी शुरू कर दीं, जिससे गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
इस गोलीबारी की चपेट में आने से अजीत गुर्जर, दिलीप गुर्जर और नारायण गुर्जर घायल हो गए। घायलों को तुरंत स्थानीय लोगों की मदद से जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। घटना के बाद से ही इलाके में तनाव की स्थिति बनी हुई है।
MCX कारोबार और पंचायत के बाद भी नहीं सुलझा विवाद
इस खूनी संघर्ष की जड़ MCX कारोबार में पैसों का लेनदेन बताया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, गिरगांव निवासी विश्वनाथ गुर्जर MCX का काम करता था और नारायण सिंह का बेटा पवन उसके यहां नौकरी करता था। इसी कार्य के दौरान पैसों के हिसाब-किताब को लेकर दोनों पक्षों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था।
विवाद को सुलझाने के लिए हाल ही में गोहद में समाज की एक पंचायत भी बुलाई गई थी, लेकिन वहां भी कोई ठोस समाधान नहीं निकल सका। पंचायत विफल होने के बाद ही विश्वनाथ गुर्जर अपने साथियों के साथ बुरवाली गांव पहुंचा और इस वारदात को अंजाम दिया। यह भी चर्चा है कि हमलावरों में शामिल रामेन्द्र सिंह गुर्जर एसएएफ (SAF) में आरक्षक के पद पर तैनात है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
घटना के बाद सोशल मीडिया पर फायरिंग का एक वीडियो भी वायरल हो रहा है, जिसमें कुछ लोग हथियारों के साथ फायरिंग करते हुए देखे जा सकते हैं। हालांकि, पुलिस अभी इस वीडियो की प्रमाणिकता की जांच कर रही है। रिठोरा थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का मुआयना किया और वहां से चले हुए कारतूस बरामद किए हैं।
रिठोरा थाना प्रभारी एसआई संतोष बाबू गौतम ने बताया कि पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। मौके से मिले साक्ष्यों और वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही सभी नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा और कानून के दायरे में लाया जाएगा।
फिलहाल गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया है। घायलों की स्थिति पर भी नजर रखी जा रही है। इस घटना ने एक बार फिर से क्षेत्र में अवैध हथियारों के प्रदर्शन और मामूली विवादों के हिंसक होने की समस्या को उजागर कर दिया है।

Editor In Chief
मुश्ताक अहमद खान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!