मेरठ का कुख्यात अपराधी अमित मिरिंडा जिला बदर, प्रशासन ने छह महीने के लिए लगाई पाबंदी
उत्तर प्रदेश गुंडा नियंत्रण अधिनियम, 1970 के तहत अपर जिला मजिस्ट्रेट ने उसे छह माह के लिए मेरठ जनपद से जिला बदर करने का आदेश जारी किया है। वर्तमान में अमित मिरिंडा बेंगलुरु जेल में बंद है।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

मेरठ जिला प्रशासन ने अपराध जगत में सक्रिय कुख्यात हिस्ट्रीशीटर अमित कुमार उर्फ अमित मिरिंडा के खिलाफ एक सख्त कदम उठाते हुए उसे छह महीने के लिए जिला बदर कर दिया है। प्रशासन द्वारा यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश गुंडा नियंत्रण अधिनियम, 1970 के प्रावधानों के अंतर्गत की गई है। इस आदेश के बाद अब अमित मिरिंडा आगामी छह माह तक मेरठ जिले की सीमा में प्रवेश नहीं कर पाएगा।
बेंगलुरु जेल में बंद है अपराधी
अपर जिला मजिस्ट्रेट द्वारा जारी किए गए इस आदेश के समय अमित मिरिंडा वर्तमान में मेरठ में नहीं, बल्कि बेंगलुरु की जेल में बंद है। पुलिस के अनुसार, वह विभिन्न आपराधिक मामलों में वांछित था और अन्य राज्यों में भी उसके खिलाफ कानूनी प्रक्रियाएं चल रही हैं। जेल में बंद होने के बावजूद प्रशासन ने उसे जिला बदर करने की प्रक्रिया पूरी की है ताकि उसकी रिहाई के बाद जिले में उसकी गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा सके।
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, अमित मिरिंडा का आपराधिक इतिहास काफी लंबा है। उस पर हत्या के प्रयास, गैंगस्टर एक्ट, आर्म्स एक्ट और मारपीट जैसी गंभीर धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उसकी आपराधिक गतिविधियों के कारण क्षेत्र में भय का माहौल बना रहता था और कानून-व्यवस्था के लिए वह एक बड़ी चुनौती बना हुआ था।
संगठित अपराध पर प्रशासन की पैनी नजर
अमित मिरिंडा का नाम पुलिस की निगरानी सूची में शीर्ष अपराधियों में शामिल है। उस पर संगठित तरीके से अपराध करने और रंगदारी वसूलने जैसे गंभीर आरोप भी लगे हैं। पुलिस की जांच में यह भी सामने आया है कि उसके तार कई अन्य राज्यों के आपराधिक नेटवर्क से भी जुड़े हो सकते हैं। प्रशासन की यह कार्रवाई इसी संगठित अपराध के नेटवर्क को तोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि अमित मिरिंडा जिला बदर की अवधि के दौरान मेरठ जिले की सीमा में प्रवेश करने का प्रयास करता है, तो उसके खिलाफ तत्काल प्रभाव से कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने इस आदेश का उल्लंघन करने वाले के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने की बात कही है।
कानून-व्यवस्था बनाए रखने का संकल्प
मेरठ पुलिस और जिला प्रशासन ने दोहराया है कि जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अपराधियों के खिलाफ यह अभियान निरंतर जारी रहेगा। प्रशासन का मानना है कि इस तरह की दंडात्मक कार्रवाई से न केवल अपराधियों के हौसले पस्त होंगे, बल्कि आम जनता में सुरक्षा का भाव भी मजबूत होगा। आने वाले समय में अन्य सक्रिय अपराधियों के खिलाफ भी इसी तरह की सख्त कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
फिलहाल, प्रशासन ने अमित मिरिंडा के जिला बदर होने की सूचना संबंधित थानों और सीमाओं पर तैनात सुरक्षा बलों को दे दी है। पुलिस विभाग का कहना है कि वे उसकी गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और जेल से बाहर आने के बाद भी उस पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी ताकि वह दोबारा अपराध की दुनिया में सक्रिय न हो सके।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!