लखीमपुर खीरी: सूदखोरों की प्रताड़ना से तंग आकर ऑटो चालक ने की आत्महत्या
लखीमपुर खीरी में सूदखोरों की कथित प्रताड़ना से परेशान एक ऑटो चालक ने जहरीला पदार्थ खा लिया। हालत बिगड़ने पर परिजन उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।

मोहम्मद नवेद
एडिटर

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले में सूदखोरों के आतंक का एक दुखद मामला सामने आया है। रामापुर क्षेत्र के निवासी 46 वर्षीय ऑटो चालक संजय अवस्थी ने कथित तौर पर सूदखोरों द्वारा दी जा रही मानसिक प्रताड़ना और धमकियों से तंग आकर जहरीला पदार्थ खा लिया। गंभीर हालत में उन्हें जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
एक लाख के बदले चुकाए ढाई लाख, फिर भी जारी थी वसूली
मृतक के बेटे मोहित ने घटना के संबंध में गंभीर आरोप लगाए हैं। उनके अनुसार, संजय अवस्थी ने लगभग दो साल पहले शहर के एक व्यक्ति से एक लाख रुपये ब्याज पर उधार लिए थे। परिवार का दावा है कि वे अब तक कुल 2.40 लाख रुपये का भुगतान कर चुके हैं। इसके बावजूद, आरोपी लगातार मूलधन बकाया होने का हवाला देकर संजय पर और अधिक पैसों के लिए दबाव बना रहा था।
परिजनों का कहना है कि सूदखोरों का यह दबाव केवल फोन तक सीमित नहीं था, बल्कि वे घर तक पहुंच गए थे। 17 अगस्त को आरोपी अपने कुछ साथियों के साथ संजय के घर पहुंचा और वहां जमकर गाली-गलौज की। आरोप है कि इस दौरान सूदखोरों ने रुपये न देने पर संजय को जान से मारने और गोली तक मारने की धमकी दी थी, जिससे वे गहरे सदमे में थे।
घर लौटने पर बताई आपबीती
मंगलवार की सुबह संजय अपने ऑटो के साथ काम पर निकले थे। जब वे घर लौटे, तो उनकी तबीयत काफी बिगड़ी हुई थी। परिजनों ने जब उनसे पूछताछ की, तो उन्होंने बताया कि सूदखोरों की लगातार मिल रही धमकियों और प्रताड़ना से तंग आकर उन्होंने जहरीला पदार्थ का सेवन कर लिया है। परिवार के सदस्य उन्हें तुरंत जिला अस्पताल ले गए, लेकिन चिकित्सकों के तमाम प्रयासों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका।
इस घटना के बाद से मृतक के परिवार में कोहराम मचा हुआ है। एक ऑटो चालक की मौत ने स्थानीय स्तर पर सूदखोरों के अवैध कारोबार और उनके द्वारा आम लोगों के शोषण के मुद्दे को फिर से हवा दे दी है। स्थानीय लोगों ने इस मामले में सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस की प्रतिक्रिया और जांच
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। सहायक पुलिस अधीक्षक विवेक कुमार तिवारी ने मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि घटना की जानकारी जुटाई जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जैसे ही परिजनों की ओर से औपचारिक तहरीर प्राप्त होगी, मामले में नियमानुसार कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि आरोपी कौन हैं और क्या उनके खिलाफ पहले भी इस तरह की वसूली की शिकायतें दर्ज हैं। इलाके में चर्चा है कि सूदखोरों का एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय है जो गरीब और मध्यम वर्गीय लोगों को कर्ज के जाल में फंसाकर उनका शोषण करता है। फिलहाल, पुलिस मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है ताकि दोषियों को जल्द पकड़ा जा सके।

एडिटर
मोहम्मद नवेद
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!