भोपाल पुलिस की बड़ी कामयाबी: 10 हजार का इनामी अंतरराज्यीय अपराधी काला ईरानी गिरफ्तार
भोपाल के थाना निशातपुरा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 10 हजार रुपये के इनामी और वर्षों से फरार चल रहे कुख्यात बदमाश काला उर्फ नजफ ईरानी को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर मध्यप्रदेश समेत सात राज्यों में चोरी, लूट, धोखाधड़ी, आर्म्स एक्ट और अन्य गंभीर मामलों के 35 से अधिक प्रकरण दर्ज हैं।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

भोपाल की निशातपुरा पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए लंबे समय से फरार चल रहे कुख्यात अपराधी काला उर्फ नजफ ईरानी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पर पुलिस ने 10 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। यह गिरफ्तारी पुलिस द्वारा चलाए जा रहे विशेष धरपकड़ अभियान के तहत की गई है, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में सक्रिय इनामी और आदतन अपराधियों पर नकेल कसना है।
सात राज्यों में फैला है आपराधिक नेटवर्क
पुलिस जांच में सामने आया है कि 41 वर्षीय नजफ ईरानी का आपराधिक इतिहास काफी लंबा और अंतरराज्यीय है। आरोपी के खिलाफ मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान, दिल्ली, कर्नाटक और छत्तीसगढ़ सहित कुल सात राज्यों में 35 से अधिक गंभीर मामले दर्ज हैं। इन मामलों में चोरी, लूट, धोखाधड़ी, आर्म्स एक्ट और मारपीट जैसे संगीन अपराध शामिल हैं। वह लंबे समय से कानून की आंखों में धूल झोंककर फरार चल रहा था।
निशातपुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले मुरली नगर, करोंद का निवासी नजफ ईरानी अपने साथियों के साथ मिलकर एक संगठित गिरोह चलाता था। यह गिरोह देश के विभिन्न राज्यों में जाकर सुनियोजित तरीके से वारदातों को अंजाम देता था। मुख्य रूप से जेवर और नकदी चोरी करने में माहिर यह गिरोह पुलिस के लिए लंबे समय से सिरदर्द बना हुआ था।
विशेष अभियान के तहत मिली सफलता
पुलिस आयुक्त संजय कुमार के निर्देशानुसार, निशातपुरा पुलिस ने ईरानी डेरा और अमन कॉलोनी जैसे संवेदनशील इलाकों में अपराधियों की धरपकड़ के लिए एक विशेष टीम गठित की थी। मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी को दबोच लिया। आरोपी के खिलाफ निशातपुरा थाने में पहले से ही मामला दर्ज था और उसके नाम पर स्थायी वारंट भी जारी हो चुका था।
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी को स्थानीय न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे रिमांड पर लिया गया है। पुलिस अब उससे गहन पूछताछ कर रही है ताकि उसके अंतरराज्यीय नेटवर्क और गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग जुटाए जा सकें। पुलिस का मानना है कि रिमांड के दौरान पूछताछ से कई अन्य अनसुलझी वारदातों का खुलासा हो सकता है।
अन्य राज्यों की पुलिस को दी गई सूचना
भोपाल पुलिस ने आरोपी की गिरफ्तारी की जानकारी उन सभी राज्यों की पुलिस को भेज दी है जहां उसके खिलाफ मामले दर्ज हैं। संबंधित राज्यों की पुलिस अब अपने-अपने मामलों में आरोपी की भूमिका की जांच करेगी और जरूरत पड़ने पर उसे प्रोडक्शन वारंट पर ले सकती है। पुलिस विभाग का कहना है कि इस गिरफ्तारी से अंतरराज्यीय अपराधों में कमी आने की उम्मीद है।
वर्तमान में पुलिस आरोपी के पूरे आपराधिक रिकॉर्ड को अपडेट कर रही है। रिमांड अवधि के दौरान पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वह फरार रहने के दौरान किन-किन लोगों के संपर्क में था और उसे पनाह देने में किन लोगों ने मदद की थी। इस मामले में आगे की कार्रवाई और अन्य गिरफ्तारियां भी संभव हैं।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!