भोजपुर में दर्दनाक हादसा: खेत में पत्नी के पास जा रहे पिता-पुत्र की आहर में डूबने से मौत
भोजपुर जिले के नारायणपुर थाना क्षेत्र के सेवथरा गांव में शनिवार को आहर में डूबने से पिता व पुत्र की मौत हो गई। हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने दोनों शवों को बाहर निकाला गया।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

खेत जाते समय हुआ हादसा
भोजपुर जिले के नारायणपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सेवथरा गांव में एक बेहद दुखद घटना सामने आई है। यहां शनिवार को आहर (जलाशय) में डूबने से एक पिता और उसके तीन साल के मासूम बेटे की जान चली गई। इस घटना ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है और मृतक के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
मृतकों की पहचान सेवथरा दाह गांव के निवासी 25 वर्षीय उमेश राम और उनके तीन वर्षीय पुत्र अभय कुमार के रूप में हुई है। मिली जानकारी के अनुसार, उमेश राम की पत्नी खेत में धान की रोपनी करने के लिए गई हुई थी। इस दौरान घर पर मौजूद उनका छोटा बेटा भूख के कारण रोने लगा, जिसे चुप कराने के लिए उमेश राम उसे अपने कंधे पर बिठाकर खेत की ओर निकल पड़े।
पैर फिसलने से गहरे पानी में गिरे
रास्ते में आहर के पास से गुजरते समय अचानक उमेश राम का पैर फिसल गया। संतुलन बिगड़ने के कारण वे अपने बेटे के साथ गहरे पानी में जा गिरे। आहर में पानी अधिक होने के कारण दोनों बाहर नहीं निकल पाए और डूबने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। आसपास के लोगों को जब इस घटना की जानकारी मिली, तो उन्होंने तुरंत बचाव कार्य शुरू किया।
ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद दोनों के शवों को पानी से बाहर निकाला। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने शवों को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शवों को परिजनों को सौंप दिया गया है।
परिवार में पसरा मातम
पति और बेटे की एक साथ मौत की खबर सुनकर उमेश राम की पत्नी सदमे में है। वह बार-बार बेहोश हो रही है और उसका रो-रोकर बुरा हाल है। एक ही दिन में अपनी मांग का सिंदूर और अपनी गोद का बच्चा खो देने वाली महिला की स्थिति देखकर हर किसी की आंखें नम हो गईं। परिवार के अन्य सदस्यों का भी रो-रोकर बुरा हाल है।
उमेश राम के परिवार में अब उनके अन्य बच्चों में बंधु कुमार और बेटी रेखा कुमारी हैं। इस हादसे के बाद पूरे गांव में मातम का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि उमेश एक मेहनती व्यक्ति थे और इस तरह से अचानक हुई उनकी और उनके मासूम बेटे की मौत ने सभी को स्तब्ध कर दिया है।
प्रशासनिक कार्रवाई
नारायणपुर थाना पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर लिया है और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है। गांव के लोग इस घटना को एक बड़ी त्रासदी मान रहे हैं। प्रशासन की ओर से भी इस मामले में संवेदनशीलता दिखाई जा रही है ताकि पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता मिल सके।
यह घटना एक बार फिर से ग्रामीण इलाकों में जल स्रोतों के पास सावधानी बरतने की आवश्यकता को रेखांकित करती है। बरसात के मौसम में आहर और अन्य जलाशयों में जलस्तर बढ़ जाता है, जिससे फिसलन और डूबने का खतरा बना रहता है। फिलहाल, पूरा गांव इस परिवार के साथ खड़ा है और गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार की तैयारियां की जा रही हैं।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!