भागलपुर में वन विभाग का बड़ा एक्शन: अवैध आरा मिलों पर छापेमारी, शीशम और सागवान की लकड़ियां जब्त
छापेमारी समौनी मोड़ और मलिकपुर हटिया में संचालित अवैध आरा मिलों पर की गई। कार्रवाई के दौरान अवैध रूप से काटी गई शीशम और सागवान जैसी बहुमूल्य लकड़ियां, आरा मशीनें, ब्लेड और अन्य उपकरण जब्त किए गए।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

गुप्त सूचना के आधार पर दो स्थानों पर की गई कार्रवाई
भागलपुर में वन विभाग ने अवैध रूप से संचालित आरा मिलों के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया है। वन प्रमंडल पदाधिकारी के निर्देश पर विभाग की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर जिले के दो अलग-अलग स्थानों पर औचक छापेमारी की। इस कार्रवाई के दौरान अवैध आरा मिलों से भारी मात्रा में कीमती लकड़ियां और मशीनें बरामद की गई हैं, जो बिना किसी सरकारी अनुमति के संचालित की जा रही थीं।
यह छापेमारी मुख्य रूप से नाथनगर प्रखंड के समौनी मोड़ और शाहकुंड प्रखंड के मलिकपुर हटिया इलाके में की गई। वन क्षेत्र पदाधिकारी कुमार गौतम के नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई में कजरैली और सजौर थाना पुलिस का भी सहयोग लिया गया। मौके से शीशम और सागवान जैसी बहुमूल्य लकड़ियों के साथ-साथ आरा मशीनें, ब्लेड और अन्य उपकरण जब्त किए गए हैं।
पर्यावरण और सरकारी राजस्व को पहुंच रहा था नुकसान
वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, इन अवैध मिलों के जरिए लंबे समय से बहुमूल्य पेड़ों की कटाई और उनकी चिराई का काम किया जा रहा था। इससे न केवल सरकारी राजस्व को नुकसान हो रहा था, बल्कि पर्यावरण को भी गंभीर क्षति पहुंच रही थी। जब्त की गई लकड़ियों के आधार पर विभाग अब इस पूरे अवैध नेटवर्क की गहन जांच कर रहा है ताकि इसके पीछे जुड़े अन्य लोगों का पता लगाया जा सके।
मामले में संबंधित मिल संचालकों के खिलाफ बिहार काष्ठ चिरान अधिनियम और भारतीय वन अधिनियम की सुसंगत धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध आरा मिलों और लकड़ी के अवैध कारोबार के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अपनाई गई है।
वन संपदा की सुरक्षा के लिए जारी रहेगा अभियान
वन क्षेत्र पदाधिकारी कुमार गौतम ने कहा कि विभाग को लगातार अवैध आरा मिलों के संचालन की शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद योजनाबद्ध तरीके से यह कार्रवाई की गई। उन्होंने चेतावनी दी कि वन संपदा की तस्करी या अवैध कटाई किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और भविष्य में भी छापेमारी का सिलसिला जारी रहेगा।
विभाग ने आम जनता से भी सहयोग की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि यदि किसी को भी अवैध रूप से पेड़ों की कटाई, लकड़ी की तस्करी या आरा मिल संचालन की जानकारी मिले, तो वे तुरंत वन विभाग को सूचित करें। इससे समय रहते कार्रवाई करना संभव हो सकेगा।
इस विशेष अभियान में वनपाल दिनेश कुमार सिंह, कुमार ज्ञानदीप, वनरक्षी आदित अभिनव, शुभम कुमार, अमरेश कुमार, आदित्य सिंह, नीरज कुमार, राकेश कुमार यादव, ब्यूटी विश्वास, सुबोध दास, राजीव कुमार सहित कई वनकर्मी और सुरक्षा बल के जवान शामिल रहे। फिलहाल पुलिस और वन विभाग की संयुक्त टीम जब्त सामानों की सूची तैयार कर कानूनी प्रक्रिया को आगे बढ़ा रही है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!