बरेली: सरकारी नौकरी का झांसा देकर बैंक लोन हड़पने वाला गिरोह गिरफ्तार, चार आरोपी काबू
बरेली पुलिस ने बेरोजगार युवाओं को नौकरी का लालच देकर उनके नाम पर लाखों रुपये का बैंक लोन हड़पने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है। थाना भोजीपुरा पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए मॉडर्न विलेज से चार शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

बरेली में पुलिस ने एक ऐसे संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है जो बेरोजगार युवाओं को सरकारी नौकरी का लालच देकर उनके नाम पर बैंक से लाखों रुपये का लोन हड़प लेता था। भोजीपुरा थाना पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई में चार शातिर अपराधियों को मॉडर्न विलेज इलाके से गिरफ्तार किया गया है। यह गिरोह काफी समय से सक्रिय था और कई लोगों को अपना शिकार बना चुका था।
फर्जी दस्तावेजों का जाल
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी बेरोजगारों से संपर्क कर उनके पहचान पत्रों का इस्तेमाल करते थे। वे युवाओं के नाम पर नए सिम कार्ड लेते थे और पते बदलकर अलग-अलग बैंकों में खाते खुलवाते थे। गिरोह का काम इतना शातिर था कि वे पीड़ितों के लिए फर्जी पे-स्लिप, फॉर्म-16 और अन्य कूटचरित दस्तावेज तैयार करते थे। बैंक को यह विश्वास दिलाने के लिए कि पीड़ित व्यक्ति सरकारी नौकरी में है, गिरोह के सदस्य कुछ महीनों तक खातों में वेतन के रूप में रकम जमा करते थे, जिससे सिबिल स्कोर बेहतर हो जाता था।
सिबिल स्कोर सुधरने के बाद, ये आरोपी बैंक ऑफ बड़ौदा, पीएनबी और अन्य बैंकों से 15 से 20 लाख रुपये तक का पर्सनल लोन स्वीकृत करा लेते थे। लोन पास होने के बाद, वे पीड़ितों को बरगलाते थे कि यह पैसा किसी सरकारी योजना के तहत मिला है और इसे वापस करने की आवश्यकता नहीं है। इस तरह, वे बड़ी रकम खुद हड़प लेते थे और पीड़ित को महज कुछ हजार रुपये देकर टाल देते थे।
भारी मात्रा में नकदी और फर्जी दस्तावेज बरामद
पुलिस ने छापेमारी के दौरान आरोपियों के पास से 3.50 लाख रुपये नकद, 75 एटीएम कार्ड, 28 चेक बुक, 12 मोबाइल फोन और 11 सिम कार्ड बरामद किए हैं। इसके अलावा, भारी मात्रा में फर्जी पहचान पत्र, पैन कार्ड, पे-स्लिप और केनरा बैंक की एक फर्जी मुहर भी जब्त की गई है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान राम नयन गुप्ता, राकेश गुप्ता, अनिल गुप्ता और ऋषभ कुमार सक्सेना के रूप में हुई है। इनमें से कुछ आरोपी पहले दिल्ली में सक्रिय थे और इस साल जनवरी से बरेली में अपना जाल फैलाया था।
हाल ही में लखीमपुर खीरी के एक युवक संजीव कुमार के नाम पर 20 लाख रुपये का लोन निकाला गया था, जिसमें से उसे केवल 71 हजार रुपये दिए गए और बाकी रकम गिरोह ने आपस में बांट ली। पुलिस ने भोजीपुरा थाने में बीएनएस की गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपियों का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड भी रहा है और वे पहले भी धोखाधड़ी के मामलों में नामजद रहे हैं।
फरार आरोपी की तलाश जारी
एसपी नॉर्थ मुकेश चंद्र मिश्रा ने बताया कि मामले में शामिल पांचवां आरोपी आमिर खां उर्फ यामिर खां अभी फरार है। वह रेलवे कॉलोनी, इज्जतनगर का निवासी बताया जा रहा है। पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है। गिरफ्तार किए गए चारों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया है। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि इस गिरोह ने अब तक कुल कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है और इसमें बैंक के किसी कर्मचारी की मिलीभगत है या नहीं।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!